सैफई परिवार में जमी बर्फ की परत अब पिघलती नजर आ रही है। क्योंकि सपा संरक्षक मुलायम सिंह यादव ने फिर इस बात को स्वीकार किया कि शिवपाल और अखिलेश का झगड़ा अब सिर्फ एक घंटे का रह गया है। जिस दिन हम तीनाें बैठ जाएंगे, उस दिन झगड़ा खत्म हो जाएगा और सभी लोग पार्टी मजबूत करने को निकल पड़ेंगे।
समाजवादी पार्टी से अध्यक्षी जाने के बाद अपने बेटे अखिलेश यादव से नाराज चल रहे मुलायम सिंह यादव जो कि विधानसभा चुनाव तक में प्रचार करने नहीं निकले थे। अब 2019 के नजदीक आते ही सपा पार्टी को मजबूत करने निकल पड़े हैं। शिवपाल के कांग्रेस में जाने की चर्चाएं बेबुनियाद हैं। 2019 में सपा अकेले दम पर चुनाव लड़ेगी। क्योकि गठबंधन से पार्टी को नुकसान हुआ है।
पूर्व मुख्यमंत्री मुलायम सिंह यादव अजीतमल स्थित पूर्व राज्यमंत्री भोला सिंह के आवास पर पहुंचे। यहां उन्होंने भोला सिंह, पूर्व कैबीनेट मंत्री सत्यनारायन दुबे के साथ बंद कमरे में लगभग आधा घंटा तक वार्ता की। बाद में पत्रकारों से वार्ता के दौरान पूर्व मुलायम सिंह यादव ने कहा कि अब वह सपा को मजबूती प्रदान करने के लिए निकले हैं।
उन्होंने कहा कि आगामी 2019 के लोकसभा चुनाव में किसी के साथ गठबंधन नहीं करेंगे। वह खुद की दम पर चुनाव लड़ेगे। उन्होेंने कहा कि केंद्र व प्रदेश में काबिज भाजपा सरकार ने जनता को छलने का काम किया है। वहीं बढ़ रही मंहगाई के चलते व्यापारी से लेकर आम आदमी कराह रहा है। उन्होंने पार्टी कार्यकर्ताओं व पदाधिकारियों से अभी लोकसभा तैयारियों में जुट जाएं और पार्टी को मजबूत करने का काम करें।