पीयूष ने कई महीने पहले पत्नी ज्योति की हत्या की साजिश रची थी। दो बार साजिश नाकाम रही। कुछ न कुछ स्थित ऐसी बनी कि वह साजिश के तहत वारदात को अंजाम नहीं दे सका। आखिर में 27 जुलाई 2014 को उसने साजिश के तहत वारदात को अंजाम दिलाया था। आठ साल तक कोर्ट में ज्योति के परिजनों ने लड़ाई लड़ी। तब न्याय मिला।
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ज्योति हत्याकांड: ...वो सुबूत जिनसे गुनहगार साबित हुए हत्यारे, ज्योति ने डायरी में लिखा था दर्द और भी बहुत कुछ
Fri, 21 Oct 2022 11:13 AM IST
शिखा पांडेय
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
Published by: शिखा पांडेय
Updated Fri, 21 Oct 2022 11:13 AM IST
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ज्योति हत्याकांड
- फोटो : अमर उजाला
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ज्योति हत्याकांड
- फोटो : amar ujala
सबूत नं. 1
ज्योति ने डायरी में लिखा था दर्द
ज्योति को डायरी लिखने की आदत थी। हत्या के बाद पुलिस ने ज्योति के कमरे से उसकी डायरी बरामद की थी जिसमें उसने पीयूष के साथ अपने रिश्तों की कड़वाहट का जिक्र किया था। यहां तक लिखा था कि विदेश में हनीमून के दौरान भी पीयूष उसे छोड़कर काफी देर तक दूसरी लड़की से बातें किया करता था। पुलिस ने ज्योति की लिखावट की मिलान भी विशेषज्ञ से करवाई थी जिसमें डायरी और ज्योति की लिखावट एक निकली थी। डायरी को कोर्ट में सबूत के तौर पर पेश भी किया गया था।
ज्योति ने डायरी में लिखा था दर्द
ज्योति को डायरी लिखने की आदत थी। हत्या के बाद पुलिस ने ज्योति के कमरे से उसकी डायरी बरामद की थी जिसमें उसने पीयूष के साथ अपने रिश्तों की कड़वाहट का जिक्र किया था। यहां तक लिखा था कि विदेश में हनीमून के दौरान भी पीयूष उसे छोड़कर काफी देर तक दूसरी लड़की से बातें किया करता था। पुलिस ने ज्योति की लिखावट की मिलान भी विशेषज्ञ से करवाई थी जिसमें डायरी और ज्योति की लिखावट एक निकली थी। डायरी को कोर्ट में सबूत के तौर पर पेश भी किया गया था।
ज्योति हत्याकांड
- फोटो : अमर उजाला
सबूत नं. 2
सीसीटीवी फुटेज ने खोले कई राज
घटना के दिन ज्योति को खाना खिलाने पीयूष रेस्टोरेंट ले गया था। पुलिस ने रेस्टोरेंट के सीसीटीवी फुटेज खंगाले तो उसमें ज्योति को अंदर छोड़कर पीयूष के रेस्टोरेंट से बाहर आकर किसी से बात करने की फुटेज मिली। जिसे षड्यंत्र का सबूत माना गया। इसके अलावा हत्या में इस्तेमाल हुआ चाकू जिस मॉल से खरीदा गया था उसके सीसीटीवी फुटेज भी पुलिस ने लिए थे। दोनों सीसीटीवी फुटेज की विधि विज्ञान प्रयोगशाला से जांच कराई गई थी। इन फुटेज की सीडी कोर्ट में भी चलाकर दिखाई गई। यह भी अहम सबूत साबित हुआ।
सीसीटीवी फुटेज ने खोले कई राज
घटना के दिन ज्योति को खाना खिलाने पीयूष रेस्टोरेंट ले गया था। पुलिस ने रेस्टोरेंट के सीसीटीवी फुटेज खंगाले तो उसमें ज्योति को अंदर छोड़कर पीयूष के रेस्टोरेंट से बाहर आकर किसी से बात करने की फुटेज मिली। जिसे षड्यंत्र का सबूत माना गया। इसके अलावा हत्या में इस्तेमाल हुआ चाकू जिस मॉल से खरीदा गया था उसके सीसीटीवी फुटेज भी पुलिस ने लिए थे। दोनों सीसीटीवी फुटेज की विधि विज्ञान प्रयोगशाला से जांच कराई गई थी। इन फुटेज की सीडी कोर्ट में भी चलाकर दिखाई गई। यह भी अहम सबूत साबित हुआ।
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ज्योति हत्याकांड
- फोटो : अमर उजाला
सबूत नं. 3
चाकू पर लगा खून ज्योति का निकला
हत्या में इस्तेमाल चाकू को विधि विज्ञान प्रयोगशाला भेजा गया था। चाकू पर लगे खून और ज्योति के खून का मिलान हो गया था। प्रयोगशाला की रिपोर्ट और चाकू को कोर्ट में सबूत के रूप में पेश किया गया था।
चाकू पर लगा खून ज्योति का निकला
हत्या में इस्तेमाल चाकू को विधि विज्ञान प्रयोगशाला भेजा गया था। चाकू पर लगे खून और ज्योति के खून का मिलान हो गया था। प्रयोगशाला की रिपोर्ट और चाकू को कोर्ट में सबूत के रूप में पेश किया गया था।
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ज्योति हत्याकांड
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सबूत नं. 4
कॉल डिटेल रिपोर्ट बनी अहम
घटना के बाद पुलिस ने ज्योति, पीयूष, मनीषा, अवधेश, रेनू, सोनू व आशीष के अलावा पीयूष के घरवालों व पीयूष की फैक्टरी के कुछ कर्मचारियों की कॉल डिटेल रिपोर्ट खंगाली थी। एक-दूसरे से हुई बातचीत के आधार पर कड़ियां जोड़ीं और ज्योति के अपहरण व हत्या की कहानी को झूठा बताकर पीयूष द्वारा षड्यंत्र के तहत पत्नी की हत्या करने का खुलासा किया था।
कॉल डिटेल रिपोर्ट बनी अहम
घटना के बाद पुलिस ने ज्योति, पीयूष, मनीषा, अवधेश, रेनू, सोनू व आशीष के अलावा पीयूष के घरवालों व पीयूष की फैक्टरी के कुछ कर्मचारियों की कॉल डिटेल रिपोर्ट खंगाली थी। एक-दूसरे से हुई बातचीत के आधार पर कड़ियां जोड़ीं और ज्योति के अपहरण व हत्या की कहानी को झूठा बताकर पीयूष द्वारा षड्यंत्र के तहत पत्नी की हत्या करने का खुलासा किया था।