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ज्योति हत्याकांड: हत्यारों से बोला था पीयूष .... कॉल पर मुझे ज्योति की चीखें सुननी हैं, फोन ऑन रखना

Fri, 21 Oct 2022 10:14 AM IST
शिखा पांडेय न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर Published by: शिखा पांडेय Updated Fri, 21 Oct 2022 10:14 AM IST
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Jyoti murder case: 6 people including husband convicted
ज्योति श्यामदासानी की फाइल फोटो - फोटो : अमर उजाला

पीयूष ने भाड़े के हत्यारों से कहा था कि मुझे ज्योति की चीखें सुननी हैं। इसलिए फोन ऑन रखना। यह बात पीयूष ने कस्टडी रिमांड पर लेने के दौरान बताई थी। पूछताछ में उसने बताया कि भाड़े के हत्यारों ने उससे यह पहले ही तय कर लिया था कि जब वह ज्योति की हत्या करें तो फोन ऑन रखे। जिससे पीयूष ज्योति की चीखें सुन सके। पीयूष ने पुलिस को यह भी बताया कि जब आरोपियों ने उसे चाकू मारा तब ज्योति चिल्ला रही थी पीयूष मुझे बचा लो। प्लीज मुझे बचा लो। पुलिस पूछताछ में पीयूष ने यह राज भी खोला था कि मनीषा ने उससे ज्योति को रास्ते से हटाने के लिए कहा था। उसने कहा था कि अगर हमें एक होना है तो ज्योति को जाना ही होगा।



बताते चलें कि कानपुर में बिस्कुट व्यापारी ओमप्रकाश श्यामदासानी की बहू ज्योति की 27 जुलाई 2014 को चाकू से गोदकर हत्या कर दी गई थी। ज्योति के पति पीयूष श्यामदासानी ने स्वरूप नगर थाने में लुटेरों द्वारा ज्योति के अपहरण और हत्या की कहानी बताई थी। लगभग 2 घंटे बाद पनकी में ज्योति का खून से लथपथ शव मिला था।

Jyoti murder case: 6 people including husband convicted
ज्योति हत्याकांड - फोटो : amar ujala
सोशल मीडिया पर न्याय के लिए हुआ था भावनात्मक जुड़ाव 
ज्योति की हत्या के मामले में पुलिस की जांच जितनी तेजी से चली उतनी ही तेजी से शहर का भावनात्मक जुड़ाव ज्योति और उसके परिवार वालों से हो गया। ज्योति मांगे न्याय और जस्टिस फॉर ज्योति को लेकर फेसबुक पेज बन गए थे। इसी दौरान ज्योति की एक डायरी पुलिस के हाथ लगी। इसमें लिखे हुए शब्द जब वायरल हुए तो आम लोगों का गुस्सा पीयूष और मनीषा के खिलाफ फूट पड़ा। जगह-जगह ज्योति को न्याय दिलाने के लिए कैंडल मार्च निकाले गए थे।
Jyoti murder case: 6 people including husband convicted
ज्योति हत्याकांड - फोटो : अमर उजाला
ज्योति ने डायरी में लिखा था .... ..मैं पत्नी नहीं, पत्नी जैसी हूं 
1 सितंबर, 1988 को जबलपुर (मप्र) में ज्योति का जन्म हुआ था। 28 नवंबर 2012 की पीयूष के साथ शादी हुई थी। छानबीन में ज्योति की एक डायरी पुलिस के हाथ लगी थी। उस डायरी में ज्योति ने घटना से चंद दिन पहले लिखा था-‘दुनिया की निगाह में मैं पीयूष की पत्नी हूं, किससे कहूं और कैसे कहूं कि मैं पत्नी नहीं, पत्नी जैसी हूं (आई एम हिज सो कॉल्ड वाइफ) उसने मुझे कभी पत्नी का दर्जा नहीं दिया। वह मुझे कुछ समझता ही नहीं है, न जाने क्यों वह मुझसे नफरत करता है, लेकिन परिवार की बदनामी के डर से मैंने यह बात किसी को नहीं बताई और हमेशा पत्नी की भूमिका निभाती रही। पीयूष मुझे मानसिक रूप से सताने का कोई मौका नहीं छोड़ता।’
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Jyoti murder case: 6 people including husband convicted
ज्योति हत्याकांड - फोटो : अमर उजाला
सीओ के चूमने से उठा था बवाल
जब पीयूष को गिरफ्तार कर पुलिस जेल भेज रही थी, उस समय तत्कालीन सीओ स्वरूप नगर आरके नायक ने पीयूष को अपने पास बुलाकर उसे ढांढस बंधाते हुए सिर पर चूम लिया था। मामला वायरल होने पर सीओ को निलंबित कर दिया गया था।
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Jyoti murder case: 6 people including husband convicted
ज्योति हत्याकांड - फोटो : अमर उजाला
पुलिस की विवेचना के यह थे मजबूत सबूत
- सीडीआर रिपोर्ट जिसमें हत्यारोपियों की पीयूष से बातचीत और पीयूष से मनीषा की बातचीत के लिंक का खुलासा हुआ। 
- गूगल मैप का पहली बार प्रयोग हुआ जिसमें पुलिस ने ज्योति के मोबाइल से उसकी लोकेशन ट्रेस की और उसे दस्तावेजी साक्ष्य बनाया।
- सीसीटीवी फुटेज जिसमें रेस्टोरेंट, उसके बाहर के वीडियो साथ ही आरोपी रेनू कनौजिया और आशीष का 21 जुलाई 2014 का फुटेज जिसमें वह एक मॉल से चाकू खरीदते दिखे।
- पोस्टमार्टम रिपोर्ट जिसमें ज्योति के शरीर पर 17 बार चाकू से घाव की पुष्टि हुई थी। 4 पेट में, 4 गर्दन पर, 2 सिर के पिछले हिस्से, 4 पैर और 2 पीछे हिप पर थे। इसे भी पुलिस ने विवेचना में दस्तावेजी साक्ष्य बनाया।
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