कानपुर के बिधनू थाना क्षेत्र में दसवीं के छात्र की हत्या करने वाले हमलावर छात्र आपराधिक चकाचौंध से बेहद प्रभावित था। अपने दोस्तों और परिचितों के बीच भौकाल बनाए रखने के लिए उसने आरडीएक्स ब्वाय 444 नाम से एक इंस्टाग्राम अकाउंट भी बनाया था। इस पर वह अक्सर असलहों के साथ फोटो व रील्स अपलोड करता था।
क्लास में कत्ल: RDX नाम से बना रखी थी आईडी, असलहों से भौकाल दिखा रहा था हमलावर, पुलिस रिकवर कर रही है चैट
लड़ाकू की प्रवत्ति बढ़ती चली गई
इकलौते बेटे पर दुश्मनों की नजर न पड़े, इसलिए उसे शहर से दूर पढ़ने पहले लखनऊ भेजा पर वहां भी झगड़े बढ़ने पर उसे कानपुर में फूफा के घर भेज दिया। हालांकि उसकी लड़ाकू की प्रवत्ति कम नहीं हुई, बल्कि और बढ़ती चली गई, जिसकी वजह से उसने अपने सहपाठी की ही हत्या कर दी।
पुलिस की कार्रवाई से परिजन असंतुष्ट
मामले की जांच कर रही पुलिस की कार्यशैली से परिजन संतुष्ट नहीं है। उनका कहना है कि जिस तरीके से पुलिस को जांच कर आरोपी को जल्द सजा दिलानी चाहिए। वह उस तरह काम नहीं कर रही। स्कूल के अंदर चाकू पहुंच जाना और स्कूल प्रबंधन से पूछताछ तक न करना उनकी जांच पर सवालिया निशान लगाता है।
मनोवैज्ञानिक संग क्लास के हर बच्चे से बात करेगी पुलिस
दसवीं कक्षा के बच्चे के अपने हाथ से चाकू से गोदकर सहपाठी की हत्या ने समाज के साथ साथ पुलिस तक को झंकझोर कर रख दिया है। पुलिस यह समझने का प्रयास कर रही है कि आखिर ऐसी क्या वजह रही और परिस्थितियां रही कि एक दसवीं का छात्र हत्यारा बन गया।
हत्या करने जैसी आपराधिक प्रवृत्ति कहां से आई
एसीपी घाटमपुर दिनेश शुक्ला ने बताया कि आरोपी छात्र के परिवार की पूरी पारिवारिक पृष्ठभूमि को खंगाला जा रहा है। यह समझने का प्रयास किया जा रहा है कि इसके अंदर हत्या करने जैसी आपराधिक प्रवृत्ति कहां से आई। इसके अलावा स्कूल में पढ़ने वाले हर छात्र से पुलिस सादे कपड़ों में मनोवैज्ञानिक के साथ मिलकर बात करेगी।