फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें

विकास को कारतूस पहुंचाने वाले डब्बू की जमानत खारिज, जय बाजपेई के साथ मिलकर घटना से पहले की थी मदद

Fri, 18 Dec 2020 10:33 PM IST
प्रभापुंज मिश्रा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर Published by: प्रभापुंज मिश्रा Updated Fri, 18 Dec 2020 10:33 PM IST
विज्ञापन
Daboo's bail rejected who sent cartridges to Vikas dubey
विकास दुबे कांड - फोटो : अमर उजाला
बिकरू कांड में मारे गए कुख्यात विकास दुबे को घटना से पहले नगदी और रुपये पहुंचाने वाले आरोपी की जमानत शुक्रवार को खारिज कर दी गई। उस पर आरोप है कि उसने जय बाजपेई के साथ मिलकर इस घटना में सहयोग किया था। इन आरोपों में चौबेपुर के तत्कालीन एसओ और सब इंस्पेक्टर की भी जमानत खारिज हो चुकी है। 


 
Daboo's bail rejected who sent cartridges to Vikas dubey
विकास दुबे कांड - फोटो : अमर उजाला
दो जुलाई को चौबेपुर के बिकरू गांव में कुख्यात विकास दुबे को गिरफ्तार करने गई पुलिस टीम पर फायरिंग की गई थी। सीओ समेत आठ पुलिस कर्मी शहीद हो गए थे। आर्य नगर कानपुर के प्रशांत शुक्ला उर्फ डब्बू को पुलिस ने घटना के पहले विकास को रुपये व कारतूस पहुंचाकर सहयोग करने में आरोपित किया है।

 
Daboo's bail rejected who sent cartridges to Vikas dubey
विकास दुबे कांड - फोटो : अमर उजाला
आरोप है कि डब्बू ने जय बाजपेई के साथ मिलकर विकास का घटना में सहयोग किया है। इसकी सुनवाई स्पेशल जज डकैती राम किशोर की अदालत में चल रही है। डब्बू के अधिवक्ता ने जमानती प्रार्थना पत्र दाखिल किया था। इसमें शुक्रवार को सुनवाई हुई।

 
विज्ञापन
विज्ञापन
Daboo's bail rejected who sent cartridges to Vikas dubey
विकास दुबे कांड - फोटो : अमर उजाला
बचाव पक्ष के अधिवक्ता ने तर्क रखा कि प्रशांत शुक्ला उर्फ डब्बू को सिर्फ जय बाजपेई के बयानों के आधार पर मुल्जिम बना दिया गया है। घटना में वह नामजद नहीं था। सहायक शासकीय अधिवक्ता प्रशांत मिश्रा ने बचाव पक्ष की दलीलों का विरोध करते हुए कहा कि अभियुक्त डब्बू ने कारतूस व रुपये पहुंचा कर घटना में सहयोग किया।

 
विज्ञापन
Daboo's bail rejected who sent cartridges to Vikas dubey
विकास दुबे कांड - फोटो : अमर उजाला
घटना बड़ी व गंभीर अपराध है। कहा कि अपराधियों का सहयोग करने में ही तत्कालीन एसओ विनय तिवारी, व दारोगा केके शर्मा समेत अन्य आरोपियों की जमानत खारिज हो चुकी है। अदालत ने दोनों पक्षों को सुनने के बाद आरोपी की जमानत याचिका खारिज कर दी। 
अगली फोटो गैलरी देखें
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed