जेपीएनआईसी यानी जय प्रकाश नारायण अंतर्राष्ट्रीय केंद्र को सील किए जाने के बाद समाजवादी पार्टी के नेताओं से लेकर कार्यकर्ता आक्रोशित हो गए। जयप्रकाश नारायण की जयंती पर समाजवादी पार्टी अध्यक्ष अखिलेश यादव की निर्धारित यात्रा थी। लेकिन उससे पहले ही जेपीएनआईसी को सील कर दिया। जिससे सपा नेता गुस्से में आ गए। बीते साल भी जेपी की जंयती पर ऐसा ही हंगामा हुआ था। क्या आपको पता है कि जेपीएनआईसी अखिलेश यादव का ड्रीम प्रोजेक्ट है और आज नौ साल के बाद भी अधूरा है। जो अब एक खंडहर में तब्दील हो गया है। इतना ही नहीं सपा सरकार ने 813 करोड़ रुपये भी खर्च किए थे।
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जेपी सेंटर को सील किया
- फोटो : X/@samajwadiparty
जेपी सेंटर को सील करने के बाद मचा बवाल
जेपीएनआईसी को सील करने की खबर पर देर रात सपा प्रमुख अखिलेश यादव सेंटर पर पहुंचे थे। जहां पर उन्होंने मीडिया से बातचीत में बयान दिया कि ये टीन शेड लगाकर सरकार कुछ तो छिपाना चाह रही है। कहीं ऐसा तो नहीं कि इसे बेचने की तैयारी है, सरकार किसी को देना चाहती हो। अखिलेश यादव ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर जेपीएनआईसी के मेन गेट पर लगाई जा रही टिन का वीडियो शेयर करते हुए कहा है कि किसी को नमन करने या श्रद्धांजलि देने से रोकना सुसभ्य लोगों की निशानी नहीं। अखिलेश यादव ने कहा कि जयप्रकाश नारायण की जयंती के दिन सपा कार्यकर्ता उनके म्यूजियम में जयंती मनाते हैं। लेकिन हमें दो बार से माल्यार्पण करने से रोका जा रहा है।
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जेपी सेंटर सील होने से अखिलेश नाराज
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जेपी सेंटर 2013 में हुआ था शुरू
जेपीएनआईसी अखिलेश यादव का ड्रीम प्रोजेक्ट है, सपा सरकार में 2013 में जेपीएनआईसी बनना शुरू हुआ था। 2016 तक इस बिल्डिंग पर 813 करोड़ रुपये खर्च किए गए। 11 अक्तूबर 2016 को पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स का उद्घाटन कर दिया था। इसके लिए ऑल वेदर ओलंपिक साइज स्विमिंग पूल और मल्टीपर्पज कोर्ट में खेलों से जुड़ी प्रस्तुति भी करा दी गई। फिर भी इस हिस्से को वापस बंद कर दिया गया। इस सेंटर में समाजवादी विचारक जय प्रकाश नारायण की प्रतिमा भी लगी है, यहां हर साल समाजवादी कार्यक्रम होते रहे हैं।
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कार पर मूर्ति रख अखिलेश ने चढ़ाई माला
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813 करोड़ रुपये के खर्च से बना जेपी सेंटर
सपा की सरकार जाने के बाद जनता की खून-पसीने की कमाई का 813 करोड़ रुपये खर्च कर बनाई गई जयप्रकाश नरायन इंटरनेशनल सेंटर (जेपीएनआईसी) खंडहर बनने के लिए छोड़ दिया गया। परिणाम यह है कि बिल्डिंग में टूटफूट शुरू हो चुकी है और लैंडस्केपिंग जंगल में बदल गई है। स्पोर्ट्स ब्लॉक में हुए निर्माण भी बर्बाद हो गए। कन्वेंशन ब्लॉक, पार्किंग ब्लॉक, म्यूजियम ब्लॉक भी बदहाली हो गए। मुख्य बिल्डिंग के ऊपर लगे टाइल्स भी कई जगह टूट गए।
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मीडिया को संबोधित करते अखिलेश
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अखिलेश की नीतीश कुमार से अपील
सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने कहा कि भाजपा और उसकी सरकार समाजवादियों को जेपी को याद नहीं करने दे रही है। इसलिए बिहार में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार भाजपा गठबंधन सरकार से बाहर आएं, क्योंकि नीतीश कुमार जेपी आंदोलन से ही निकले हैं। उन्होंने फिर दोहराया कि सरकार जेपीएनआईसी को अपने लोगों को बेचने की साजिश कर रही है। अखिलेश शुक्रवार को अपने आवास के बाहर जेपी को श्रद्धांजलि देने के बाद मीडिया के बीच अपनी बात रख रहे थे। उन्होंने कहा कि हर साल ही समाजवादी जेपीएनआईसी में श्रद्धांजलि देने जाते थे, पता नहीं क्या कारण है कि सरकार अब हमें रोक रही है। इसलिए हम सड़क पर खड़े होकर जेपी को याद करने के लिए मजबूर हैं। यह सरकार हर अच्छा काम रोक रही है।