Firozabad: मेस के खाने को लेकर फूट-फूटकर रोने वाले सिपाही को पांच दिन का अवकाश, खंगाला जा रहा पुरना रिकॉर्ड
अच्छा नहीं रहा सिपाही का व्यवहार
पुलिस सूत्रों की मानें तो खाने को लेकर ही कुछ समय पहले एक महिला फॉलोवर से विवाद हो गया था। विवाद होने के दौरान रायफल तक ताने जाने की बात कही जा रही है। थाना प्रभारी रामगढ़ हरवेंद्र मिश्रा ने बताया कि एक सप्ताह तक सही ढंग से ड्यूटी नहीं करने के कारण उसकी रिपोर्ट भेजी थी। इसके कारण लाइन भेज दिया गया था।
कार्रवाई पर पुलिस भी घिरी
मनोज का कहना है कि 15 बिंदु जो पुलिस विभाग कार्रवाई की बात कर रहा है उसमें केवल अनुपस्थित होने का कारण बता रहे हैं, जबकि उसने जब भी छुट्टी ली, बता कर ली। इसके बाद भी अब जब उसने खाने की गुणवत्ता मीडिया के सामने ला दी, तो उल्टा उसे ही विभाग निशाना बनाने के लिए अनुशासन हीन बता रहा है, जबकि पहले कार्रवाई क्यों नहीं की गई।
अखिलेश यादव ने भी किया ट्वीट, लिखा महोत्सव के नाम पर भूखोत्सव क्यों ?
समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने भी फिरोजाबाद की पुलिस लाइन के सम्मन सेल में तैनात सिपाही मनोज कुमार द्वारा मेस के खाने पर उसके वीडियो को ट्वीट कर लिखा है कि अमृत महोत्सव के शोर शराबे में भूख से रोते पुलिस वाले की बात सुनने वाला कोई है क्या..। महोत्सव के नाम पर भूखोत्सव क्यों के साथ वीडियो शेयर किया है।अमृत महोत्सव के छद्म उत्सव के शोर शराबे में भूख से रोते यूपी के पुलिसवाले की बात सुननेवाला कोई है क्या?
महोत्सव के नाम पर भूखोत्सव क्यों? pic.twitter.com/rvol6APLoG
अमृत महोत्सव के छद्म उत्सव के शोर शराबे में भूख से रोते यूपी के पुलिसवाले की बात सुननेवाला कोई है क्या?
— Akhilesh Yadav (@yadavakhilesh) August 11, 2022
महोत्सव के नाम पर भूखोत्सव क्यों? pic.twitter.com/rvol6APLoG