पूर्व गृह राज्यमंत्री स्वामी चिन्मयानंद पर आरोप लगाने वाली छत्रा के हॉस्टल रूम को पुलिस ने बुधवार देर शाम सील कर दिया। इस दौरान कॉलेज स्टाफ के कुछ लोगों से पुलिस की झड़प भी हुई, लेकिन पुलिस ने आखिर रूम को सील कर दिया।
चिन्मयानंद पर आरोप लगाने वाली छात्रा का कमरा सील, पिता ने जताई साक्ष्यों से छेड़छाड़ की आशंका
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स्वामी चिन्मयानंद पर गंभीर आरोप लगाने वाली छात्रा ने फेसबुक पर वायरल वीडियो में कहा था कि उसके पास सारे साक्ष्य मौजूद हैं। इसके बाद से छात्रा लापता है। छात्रा के पिता ने इसी आशंका के चलते पुलिस को स्वामी चिन्मयानंद के खिलाफ दी गई तहरीर में इस बात का जिक्र किया था कि उसकी बेटी के हॉस्टल रूम को मीडिया के सामने सील किया जाए ताकि रूम में मौजूद किसी भी तरह के साक्ष्यों से छेड़छाड़ न हो पाए।
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छात्रा के पिता ने 25 अगस्त को पुलिस को मामले की तहरीर दी थी, लेकिन पुलिस यह कहकर मामले को लटकाए रही कि जांच चल रही है। मामला मीडिया में आने और डीजीपी की फटकार लगने पर पुलिस ने 27 अगस्त को छात्रा के पिता की ओर से दी गई तहरीर के आधार पर रिपोर्ट तो दर्ज कर ली, लेकिन पुलिस हॉस्टल के रूम तक नहीं पहुंची। अगले दिन देर शाम हॉस्टल सील करने पहुंची तो वहां डिग्री कॉलेज स्टाफ आ गया। पुलिस की कॉलेज स्टाफ से तीखी झड़प हुई। हॉस्टल रूम को मुश्किल से सील किया गया।
साक्ष्यों के साथ छेड़छाड़ होने की आशंका
अपहृत छात्रा के पिता ने हॉस्टल रूम देर से सील किए जाने पर पुलिस को कठघरे में खड़ा किया है। उनका कहना है कि तहरीर दिए जाने के तीसरे दिन शाम को कमरा सील किया गया। यह केवल लीपापोती की कार्रवाई है। तीन दिन में तो रूम में रखे सबूतों से कोई भी छेड़छाड़ कर सकता है।
छात्रा जिस हॉस्टल के रूम में रहती थी, उस रूम को सील कर दिया गया है। पुलिस की जांच पूरी होने पर ही उस रूम को खोला जा सकता है, इससे पहले नहीं। - प्रवेश सिंह, इंस्पेक्टर चौक कोतवाली