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Prayagraj News: कोरोना संकट के बीच कछार में बजी बाढ़ के खतरे की घंटी

Tue, 25 Aug 2020 01:16 AM IST
विनोद सिंह अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज Published by: विनोद सिंह Updated Tue, 25 Aug 2020 01:16 AM IST
सार

गंगा में बांधों से छोड़ा गया जल

हरिद्वार-  94,956 क्यूसेक
नरोरा -1,69,117 क्यूसेक
कानपुर- 2,86,133 क्यूसेक

जल स्तर

गंगा -
फाफामऊ 79.45मीटर
छतनाग -77.23 मीटर
यमुना -
नैनी- 77.80 मीटर

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Prayagraj News: In the midst of Corona crisis, the danger of flood in the Cachar rang
prayagraj news - फोटो : prayagraj

कोरोना संक्रमण के बढ़ते खतरे के बीच गंगा-यमुना के जलस्तर में तेजी नई मुसीबत लेकर आई है। सोमवार को तीन सेमी प्रतिघंटा की रफ्तार से वृद्धि होने से कछारी इलाकों में हड़कंप मच गया। इस दिन हरिद्वार, नरोरा और कानपुर बांधों से गंगा में 5.50 लाख क्यूसेक से अधिक पानी छोड़े जाने से बाढ़ग्रस्त इलाकों में जल्द पानी घुसने की आशंका है।

Prayagraj News: In the midst of Corona crisis, the danger of flood in the Cachar rang
prayagraj news - फोटो : prayagraj

देर शाम बेनी बांध के नीचे हरिहर गंगा आरती स्थल तक गंगा पहुंच गई। मंगलवार तक आरती स्थल बदलना पड़ सकता है। उधर, यमुना में केन, बेतवा और चिल्ला से लगातार पानी आने की वजह से इस दिन सुबह आठ से शाम चार बजे के बीच 20 सेमी जलस्तर बढ़ने से कछारी इलाकों से लोग सामान समेटने लगे।

Prayagraj News: In the midst of Corona crisis, the danger of flood in the Cachar rang
prayagraj news - फोटो : prayagraj

गंगा-यमुना में तेज रफ्तार से वृद्धि शुरू हो गई है। सोमवार को छतनाग में गंगा का जलस्तर तीन सेमी प्रतिघंटा की रफ्तार से बढ़ता रहा। शाम तक गंगा की लहरें आरती स्थल तक पहुंच गईं। गंगा में लगातार जल दबाव बढ़ने से अस्थाई रूप से टेंट और झोपड़ियां बनाकर रहने वालों की परेशानी बढ़ गई। हनुमान मंदिर समेत काली मार्ग और नागवासुकी के आसपास रहने वाले सैकड़ों गरीब परिवारों ने ठिकाना बदलना शुरू कर दिया है।

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Prayagraj News: In the midst of Corona crisis, the danger of flood in the Cachar rang
prayagraj news - फोटो : prayagraj

देर शाम तक तीर्थपुरोहितों और तट पर पूजा-प्रसाद का कारोबार करने वाले दर्जनों लोगों ने चौकियां हटा लीं। पहाड़ों व मैदानी इलाकों में लगातार हो रही बारिश की वजह से गंगा-यमुना के प्रवाह में तेजी आई है। उत्तराखंड, राजस्थान समेत यूपी के कई इलाकों वर्षा की वजह से गंगा का वेग बढ़ रहा है। वहीं बांधों से भी लगातार पानी छोड़ा जा रहा है।

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prayagraj news - फोटो : prayagraj
सोमवार को हरिद्वार से 94,956 हजार क्यूसेक, नरोरा से 1.96 लाख, 217 क्यूसेक और कानपुर से 2.86 लाख, 133 क्यूसेक पानी गंगा में छोड़ा गया। सिंचाई विभाग के बाढ़ नियंत्रण कंट्रोल रूम के अनुसार सोमवार की शाम फाफामऊ में गंगा का जलस्तर फाफामऊ 79.45मीटर, छतनाग में 77.23 मीटर रिकार्ड किया गया। इसी तरह नैनी में यमुना 77.80 मीटर पर बहती रहीं। 
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