व्यापारी बड़ी रकम बैंक ले जाने से पहले यदि पुलिस की मदद लेता तो लूट होने से बच जाती। एसएसपी डॉ. गौरव ग्रोवर खुद भी इसके लिए कई बार व्यापारियों को बैठक में निर्देश दे चुके हैं कि वह बड़ी रकम जमा करने या निकासी से पहले पुलिस की सहायता लें। इसके बावजूद व्यापारी ने ध्यान नहीं दिया। यही कारण है कि व्यापारी का 1.05 करोड़ रुपये लुट गया। वहीं, पुलिस चौकी के नजदीक लूट होना पुलिस की लापरवाही को उजागर करती है। दो दिन की छुट्टी के बाद सोमवार को बाजार में भीड़भाड़ थी लेकिन पुलिस 15 अगस्त की थकान उतारने में व्यस्त थी। इसी के चलते लुटेरे चौकी के पास से ही वारदात को अंजाम दे गए। लूट होने के बाद पुलिस हरकत में आई और शहर में चारों ओर नाकाबंदी कर चेकिंग अभियान आदि भी चलाए गए। लेकिन इससे कुछ हासिल नहीं हुआ। लुटेरे फरार हो चुके थे।
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मथुरा 1.05 करोड़ की लूट का मामला: व्यापारी अगर पुलिस की मदद लेता तो बच सकती थी लूट
Tue, 17 Aug 2021 08:52 AM IST
Abhishek Saxena
न्यूज डेस्क अमर उजाला, मथुरा
न्यूज डेस्क अमर उजाला, मथुरा
Published by: Abhishek Saxena
Updated Tue, 17 Aug 2021 08:52 AM IST
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पीड़ित से जानकारी लेते एसएसपी
- फोटो : अमर उजाला
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जानकारी जुटाते पुलिस अधिकारी
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पुलिस तेजी दिखाती तो लुटेरे चौकी के करीब भीड़भाड़ वाले इलाके में इस तरह की घटना को अंजाम देेने की सोचते भी नहीं। हालांकि आला अधिकारियों के सामने स्थानीय पुलिस वारदात का जल्द से जल्द खुलासा करने का दावा कर रही है। एसएसपी ने भी बड़ी वारदात के खुलासे के लिए 10 टीमें लगाईं हैं। इसमें स्वाट, एसओजी, कोतवाली पुलिस की दो टीमें, वृंदावन कोतवाली, हाईवे पुलिस, सर्विलांस टीम के अलावा तेज तर्रार इंस्पेक्टर और सिपाहियों को लगाया गया है।
लूट की घटना के बाद पहुंची पुलिस
- फोटो : अमर उजाला
शहर के इतिहास में पहली बार इतना कैश लुटा
शहर के इतिहास में इतनी बड़ी कैश लूटने की वारदात पहली हुई है। हालांकि 15 मई 2017 को कोयला गली में मयंक चेंस के यहां चार करोड़ रुपये की डकैती हुई थी। लेकिन तब कैश की बजाए जेवरात लुटे थे। शहर में इतनी बड़ी वारदात से हर कोई दहशत में है। लोगों का यह कहना है कि वास्तव में अपराधी बेखौफ हो गए हैं।
शहर के इतिहास में इतनी बड़ी कैश लूटने की वारदात पहली हुई है। हालांकि 15 मई 2017 को कोयला गली में मयंक चेंस के यहां चार करोड़ रुपये की डकैती हुई थी। लेकिन तब कैश की बजाए जेवरात लुटे थे। शहर में इतनी बड़ी वारदात से हर कोई दहशत में है। लोगों का यह कहना है कि वास्तव में अपराधी बेखौफ हो गए हैं।
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घटनास्थल पर जांच करते एसएसपी
- फोटो : अमर उजाला
कारोबारी के घर से वारदात स्थल के सीसीटीवी खंगाले
पुलिस की टीमों ने बुलियन कारोबारी के घर से लेकर वारदात स्थल तक के सीसीटीवी फुटेज खंगाले। साढ़े तीन किमी. के सीसीटीवी फुटेज में पुलिस को कुछ भी महत्वपूर्ण हाथ नहीं लगा। पुलिस मछली फाटक, टैंक चौराहे तक सीसीटीवी फुटेज भी खंगाल रही है।
पुलिस की टीमों ने बुलियन कारोबारी के घर से लेकर वारदात स्थल तक के सीसीटीवी फुटेज खंगाले। साढ़े तीन किमी. के सीसीटीवी फुटेज में पुलिस को कुछ भी महत्वपूर्ण हाथ नहीं लगा। पुलिस मछली फाटक, टैंक चौराहे तक सीसीटीवी फुटेज भी खंगाल रही है।
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पीड़ित कारोबारी
- फोटो : अमर उजाला
आईजी-एसएसपी ने कारोबारी से जुटाई जानकारी
कारोबारी के साले अंकित बंसल से आईजी नवीन अरोरा और एसएसपी डॉक्टर गौरव ग्रोवर ने जानकारी जुटाई। आईजी ने तो बुलियन कारोबारी के बेटे मुकुल अग्रवाल से भी पूछताछ की। हालांकि पुलिस फिलहाल कुछ भी बोलने को तैयार नहीं है। इतना जरूर है कि पुलिस जल्द खुलासे का दावा कर रही है।