फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें

डॉ. योगिता हत्याकांड: हत्यारोपी डॉ. विवेक को अदालत से नहीं मिली राहत, 24 दिसंबर को तय होंगे आरोप

Thu, 17 Dec 2020 09:57 AM IST
Abhishek Saxena न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा Published by: Abhishek Saxena Updated Thu, 17 Dec 2020 09:57 AM IST
विज्ञापन
Yogita Gautam Murder Case: Court Rejected Discharge Application of Accused
डॉक्टर विवेक तिवारी व डॉक्टर योगिता - फोटो : अमर उजाला
आगरा के एसएन मेडिकल कॉलेज की पीजी की छात्रा डॉ. योगिता गौतम हत्याकांड में आरोपी उरई के मेडिकल अफसर रहे डॉ. विवेक तिवारी को कोर्ट से राहत नहीं मिल सकी। 
Yogita Gautam Murder Case: Court Rejected Discharge Application of Accused
जूनियर डॉक्टर योगिता गौतम की फाइल फोटो - फोटो : अमर उजाला
स्पेशल जज (एससी-एसटी एक्ट) कोर्ट ने आरोपी का डिस्चार्ज प्रार्थनापत्र खारिज कर दिया। अब आरोप तय करने के लिए 24 दिसंबर की तारीख नियत की है। आरोपी के खिलाफ अपहरण, हत्या, धमकी, साक्ष्य मिटाने और हरिजन एक्ट में आरोप निर्धारित होना तय माना जा रहा है।
Yogita Gautam Murder Case: Court Rejected Discharge Application of Accused
जूनियर डॉक्टर योगिता गौतम की फाइल फोटो - फोटो : अमर उजाला
दिल्ली की रहने वाली डॉ. योगिता गौतम एसएन मेडिकल कॉलेज से एमएस कर रही थीं। वह नूरी गेट स्थित एक मकान में किराए पर कमरा लेकर रहती थीं। उनकी दोस्ती कानपुर निवासी डॉ. विवेक तिवारी से थी। वह उरई में मेडिकल अफसर रहे थे।
विज्ञापन
विज्ञापन
Yogita Gautam Murder Case: Court Rejected Discharge Application of Accused
योगिता की हत्या का आरोपी डॉक्टर विवेक तिवारी - फोटो : अमर उजाला
आरोप है कि 18 अगस्त को डॉ. विवेक तिवारी मिलने के बहाने घर आया। डॉ. योगिता को अपनी कार में ले गया। इसके बाद गोली मारकर हत्या कर दी। शव को डौकी क्षेत्र में फेंक दिया था। पुलिस ने दूसरे दिन लाश बरामद की थी। 
विज्ञापन
Yogita Gautam Murder Case: Court Rejected Discharge Application of Accused
योगिता का हत्यारोपी विवेक तिवारी और योगिता का फाइल फोटो - फोटो : अमर उजाला
पुलिस ने डॉ. विवेक तिवारी को उरई से गिरफ्तार किया था। पुलिस ने कोर्ट में चार्जशीट लगाई थी। अभियोजन की ओर से एडीजीसी हेमंत दीक्षित के अलावा अधिवक्ता एसएस चौहान, विजय आहूजा और रमाशंकर सिंह राजपूत ने बहस की।
अगली फोटो गैलरी देखें
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed