{"_id":"5c8bbde1bdec2214130e5b35","slug":"barsana-lathmar-holi-2019-photos-in-mathura","type":"photo-gallery","status":"publish","title_hn":"जो रस बरसो बरसाने में सो रस तीन लोक में नाय, देखिए अद्भुत लठमार होली की तस्वीरें","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
जो रस बरसो बरसाने में सो रस तीन लोक में नाय, देखिए अद्भुत लठमार होली की तस्वीरें
Fri, 15 Mar 2019 09:14 PM IST
मुकेश कुमार
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मथुरा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मथुरा
Published by: मुकेश कुमार
Updated Fri, 15 Mar 2019 09:14 PM IST
विज्ञापन
बरसाना में हुरियारों पर प्रेमपगी लाठियां बरसातीं हुरियारिनें
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
जो रस बरसो बरसाने में सो रस तीन लोक में नायें। वाकई अद्भुत है बरसाना की लठामार होली। भाव-भक्ति की लाठियों से आनंद का रस बरसा उससे हर कोई सराबोर रहा। रंगीली गली में लठामार होली के शुरू होते ही जयकारे गूंज उठे। बरसाने की हुरियारिन नंदगांव के हुरियारों पर लठ बरसा रही थीं। हुरियारे ढाल से बचाव कर रहे थे। ऐसा रंग और गुलाल उड़ा कि हर तरफ राधे राधे की गूंज हो रही थी।
लाठियों लेकर खड़ीं हुरियारिनें
- फोटो : अमर उजाला
राधारानी की नगरी बरसाना में शुक्रवार की सुबह से ही होली का रंग बिखरने लगा। चारों दिशाओं से होली की मस्ती और आनंद के रंग अबीर गुलाल से सराबोर होते हुए श्रद्धालु राधाजी के मंदिर की तरफ बढ़ रहे थे। पहले बरसाना की परिक्रमा लगाई और फिर श्रीजी मंदिर में जाकर दर्शन किए। मंदिर के आंगन में भक्त श्रद्धा भाव से नृत्य करते हुए झूम रहे थे।
मंदिर के सेवायत रंग और प्रसाद की बारिश
- फोटो : अमर उजाला
मंदिर के सेवायत रंग और प्रसाद की बारिश कर रहे थे। श्रद्धालु लाडली जी के आगे झोली फैलाकर अपनी मनोकामना को पूर्ण करने का आशीर्वाद मांग रहे थे। मंदिर परिसर में कहीं भी कदम रखने को जगह नहीं थी। आस्था का सैलाब इस कदर उमड़ रहा था कि गलियों में भी लोग होली के रंग में तरबतर होकर राधे..राधे का जय घोष कर रहे थे।
विज्ञापन
विज्ञापन
बरसाना की गलियों में धूमधाम से खेली गई लठामार होली
- फोटो : अमर उजाला
बरसाना में नंदगांव से आने वाले हुरियारों का बेसब्री से इंतजार हो रहा था। आकाश से हेलीकॉप्टर द्वारा पुष्प वर्षा की जा रही थी। इसी बीच हुरियारों के झुंड पहुंचने लगे। श्रीजी का आशीर्वाद लिया। फाग के आनंद के बीच शुरू होता है राग और प्रेमपगी गालियों का सिलसिला। राधारानी के गुणगान के बीच कान्हा की महिमागान के जवाबी गान का लंबा सिलसिला।
विज्ञापन
हुरियारिनों से हंसी ठिठोली करते हुरियारे
- फोटो : अमर उजाला
हुरियारे रंगीली गली की ओर बढ़ चले हैं। हुरियारों का गली में खड़ीं राधारानी की सखियों से हंसी ठिठौली का दौर शुरू हो गया है। छतों पर से महिलाएं, बच्चे रंग बरसा रहे हैं। हुरियारे रंग की बारिश में भीग रहे हैं। तभी रंगीन पानी की धार के साथ शुरू हो जाते हैं लाठियों के वार। पूरी गली में लठामार होली का उत्सव शुरू हो जाता है। नंदलाल के जयकारे लगाते हुरियारे प्रेमपगी लाठियों के बीच हुरियारिनों से ठिठोली करते जा रहे हैं।