{"_id":"6a91185f216347fd860cd09c","slug":"what-to-do-after-cyber-fraud-call-1930-quickly-to-help-recover-stolen-money-2026-08-28","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"हर सेकंड कीमती: साइबर ठगी होने पर क्या करें? ये तरीका अपनाइए, वापिस मिल जाएंगे ऑनलाइन ठगे गए पैसे","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
हर सेकंड कीमती: साइबर ठगी होने पर क्या करें? ये तरीका अपनाइए, वापिस मिल जाएंगे ऑनलाइन ठगे गए पैसे
Fri, 28 Aug 2026 10:42 AM IST
Dhirendra Singh
अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, आगरा
अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, आगरा
Published by: Dhirendra Singh
Updated Fri, 28 Aug 2026 10:42 AM IST
सार
साइबर ठगी होने पर पीड़ित को बिना देरी किए हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत करनी चाहिए। समय रहते शिकायत मिलने पर पुलिस बैंकों से समन्वय कर संदिग्ध खाते में लेनदेन रोकने का प्रयास करती है। पुलिस की पाठशाला में विद्यार्थियों को 112, 1090 और 1930 समेत अलग-अलग हेल्पलाइन की जानकारी दी गई और डिजिटल अरेस्ट से सावधान रहने की सलाह दी गई।
विज्ञापन
सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
अमर उजाला फाउंडेशन की ओर से बृहस्पतिवार को किरावली स्थित काैरई में अटल आवासीय विद्यालय में पुलिस की पाठशाला का आयोजन किया गया। इसमें शिक्षक की भूमिका में एसीपी अछनेरा शैलेंद्र सिंह माैजूद रहे। उन्होंने विद्यार्थियों को साइबर अपराध, पुलिस की कार्यप्रणाली और बेहतर भविष्य के बारे में जागरूक किया।
विज्ञापन
पाठशाला में सवाल पूछने वाली छात्राओं चंचल, नव्या, वर्षा, डिंपल, रिया, मनोरमा, मेघा, नर्गिस, रवीना, वंदना, कविता, मोनिका, ललितेश, नंदनी, भावना, मोहिनी, वर्षा, मनु, दीक्षा और रोशनी को अमर उजाला की ओर से पुस्तकें प्रदान की गई हैं। इस अवसर पर विद्यालय की प्रधानाचार्य सुनीता वशिष्ठ, शिक्षिका उर्मिला देवी, विनीता, शिक्षक साहिल सेठी, अभय प्रताप सिंह, दुर्गेश, एसआई स्वाति सागर, सिपाही तरन्नुम, अंशु कुमारी माैजूद रहीं।
विज्ञापन
विज्ञापन
यह दी गई जानकारी
- स्कूल आते-जाते समय अगर कोई परेशान करे तो 112 पर काॅल करें।
- सोशल मीडिया पर अंजान दोस्त न बनाएं, व्यक्तिगत जानकारी साझा नहीं करें। प्राइवेसी सेटिंग को ऑन रखें
- मोबाइल पर परेशान करने वालों की महिला हेल्पलाइन नंबर 1090 पर शिकायत दर्ज कराएं। आपको थाने जाने की जरूरत नहीं है।
- अपने घर और स्कूल के थाने की जानकारी रखें, थाना पुलिस नहीं सुने तो अधिकारियों से शिकायत करें।
- साइबर ठगी होने पर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर काॅल करें। साइबर अपराधी डिजिटल अरेस्ट का भय दिखाकर लोगों को शिकार बनाते हैं, इनसे सावधान रहें।
- स्कूल आते-जाते समय अगर कोई परेशान करे तो 112 पर काॅल करें।
- सोशल मीडिया पर अंजान दोस्त न बनाएं, व्यक्तिगत जानकारी साझा नहीं करें। प्राइवेसी सेटिंग को ऑन रखें
- मोबाइल पर परेशान करने वालों की महिला हेल्पलाइन नंबर 1090 पर शिकायत दर्ज कराएं। आपको थाने जाने की जरूरत नहीं है।
- अपने घर और स्कूल के थाने की जानकारी रखें, थाना पुलिस नहीं सुने तो अधिकारियों से शिकायत करें।
- साइबर ठगी होने पर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर काॅल करें। साइबर अपराधी डिजिटल अरेस्ट का भय दिखाकर लोगों को शिकार बनाते हैं, इनसे सावधान रहें।
हुए सवाल-जवाब
सवाल : माता-पिता ही उत्पीड़न करें तो क्या करना चाहिए
जवाब : तत्काल सहायता के लिए 112 पर काॅल करें। फोन नहीं कर सकते तो थाने पर आकर बताएं। शिकायत का समाधान किया जाएगा।
सवाल : माता-पिता ही उत्पीड़न करें तो क्या करना चाहिए
जवाब : तत्काल सहायता के लिए 112 पर काॅल करें। फोन नहीं कर सकते तो थाने पर आकर बताएं। शिकायत का समाधान किया जाएगा।
सवाल : परीक्षा में असफल होने का डर सताने पर क्या करना चाहिए।
जवाब : अपने माता-पिता को बताएं। स्कूल प्रधानाचार्य की मदद ले सकते हैं। स्कूलों में काउंसलर्स की व्यवस्था रहती है। बोर्ड परीक्षा के दौरान बोर्ड भी हेल्पलाइन नंबर जारी करता है, जिस पर बात कर समस्या का समाधान किया जा सकता है।
जवाब : अपने माता-पिता को बताएं। स्कूल प्रधानाचार्य की मदद ले सकते हैं। स्कूलों में काउंसलर्स की व्यवस्था रहती है। बोर्ड परीक्षा के दौरान बोर्ड भी हेल्पलाइन नंबर जारी करता है, जिस पर बात कर समस्या का समाधान किया जा सकता है।
सवाल : साइबर ठगी की शिकायत कितनी देर में करनी चाहिए।
जवाब : अगर कोई व्यक्ति फोन करके रुपये ठग लेता है तो 24 घंटे के अंदर शिकायत दर्ज करा दें। इसमें भी गोल्डन ऑवर रूल काम करता है। जितनी जल्दी शिकायत दर्ज करा देंगे, रुपये वापसी की उम्मीद भी उतनी ही ज्यादा रहती है।
जवाब : अगर कोई व्यक्ति फोन करके रुपये ठग लेता है तो 24 घंटे के अंदर शिकायत दर्ज करा दें। इसमें भी गोल्डन ऑवर रूल काम करता है। जितनी जल्दी शिकायत दर्ज करा देंगे, रुपये वापसी की उम्मीद भी उतनी ही ज्यादा रहती है।
सवाल : क्या साइबर ठगी की रकम वापस मिल जाती है।
जवाब : हां, अगर समय रहते शिकायत दर्ज कराई जाती है तो पुलिस बैंकों से समन्वय कर साइबर ठगों के खाते के ट्रांजेक्शन पर रोक लगा देती है। जिससे उस रकम का इस्तेमाल नहीं हो पाता और पीड़ित के रुपये काफी हद तक वापस मिल जाते हैं।
जवाब : हां, अगर समय रहते शिकायत दर्ज कराई जाती है तो पुलिस बैंकों से समन्वय कर साइबर ठगों के खाते के ट्रांजेक्शन पर रोक लगा देती है। जिससे उस रकम का इस्तेमाल नहीं हो पाता और पीड़ित के रुपये काफी हद तक वापस मिल जाते हैं।
सवाल : बस-आटो में सफर करते समय कोई परेशान करे तो क्या करें?
जवाब : संबंधित व्यक्ति का मोबाइल से फोटो खींच लें। वाहन का नंबर भी नोट कर लें। पुलिस से शिकायत करने पर कार्रवाई की जाएगी। मुमकिन हो तो उसकी फोटो के साथ वाहन नंबर की फोटो भी खींच लें, इससे आरोपी की पहचान आसान हो जाती है।
जवाब : संबंधित व्यक्ति का मोबाइल से फोटो खींच लें। वाहन का नंबर भी नोट कर लें। पुलिस से शिकायत करने पर कार्रवाई की जाएगी। मुमकिन हो तो उसकी फोटो के साथ वाहन नंबर की फोटो भी खींच लें, इससे आरोपी की पहचान आसान हो जाती है।