मथुरा वृंदावन के ठाकुर श्रीबांकेबिहारी मंदिर में हुए हादसे के लगभग सवा माह बाद भी मंदिर की व्यवस्थाओं में कोई सुधार नजर नहीं आ रहा है। हालात हादसे से पहले जैसे ही हैं। मंदिर में भारी भीड़ उमड़ रही है। रविवार को अमावस्या के कारण मंदिर और मंदिर के बाहर बेतहाशा भीड़ रही। गलियों और सड़कों पर लोगों की भीड़ ही भीड़ नजर आई। इस दौरान मंदिर के गेट नंबर दो पर प्रवेश करते वक्त अलीगढ़ से आए भक्त महेश की तबीयत बिगड़ गई। उसे तत्काल उपचार दिया गया।
पैर रखने तक की नहीं थी जगह
लगभग सवा माह पूर्व श्रीकृष्ण जन्माष्टमी के अवसर पर मंगला आरती के दौरान भीड़ के दबाव में एक श्रद्धालु की मौत की घटना से कोई सबक नहीं लिया गया है। रविवार और अमावस्या के कारण ठाकुर बांकेबिहारी मंदिर में भारी भीड़ रही। सुबह के समय मंदिर और मंदिर के बाहर गलियों में भीड़ का भारी दबाव रहा। बांकेबिहारी पुलिस चौकी से मंदिर तक पहुंचने वाले रास्ते पर हालात ऐसे थे कि पैर रखने की भी जगह नहीं थी।
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श्रद्धालुओं की भीड़
- फोटो : अमर उजाला
जुगल घाट से ठाकुर बांकेबिहारी मंदिर की ओर आने वाले रास्ते पर भी यही हाल था। मंदिर भक्तों से भरा दिखाई दिया। मंदिर में तिल भर स्थान नहीं था। हालात बीते दिनों से कम भी नहीं थे, राजभोग आरती के समय तो भीड़ का दबाव और बढ़ गया।
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बांके बिहारी मंदिर पर उमड़ी भक्तों की भीड़
- फोटो : अमर उजाला
देश के कोने-कोने से आए हजारों भक्तों ने ठाकुर बांके बिहारी महाराज के दर्शन कर अपने को धन्य किया। मंदिर प्रबंधन द्वारा श्रद्धालुओं को गेट नंबर दो और तीन से प्रवेश दिया जा रहा था और चार और एक से निकासी दी जा रही थी।
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बांके बिहारी मंदिर के रास्ते पर भीड़
- फोटो : अमर उजाला
वहीं विद्यापीठ चौराहे पर लगाई गई बैरीकेडिंग पर भकतें की भीड़ बेकाबू होती दिखी। हर कोई मंदिर जाने की जल्दी में दिखा।
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बांके बिहारी मंदिर में बैरिकेडिंग
- फोटो : अमर उजाला
मथुरा वृंदावन में श्रीकृष्ण जन्माष्टमी पर ठाकुर बांकेबिहारी मंदिर में मंगला आरती के दौरान हुए हादसे के बाद प्रशासन ने भीड़ पर नियंत्रण के साथ सुविधाजनक दर्शन के लिए नई व्यवस्था की है। मंदिर के आसपास बैरिकेडिंग की गई है।