जिस घर में शादी की तैयारी चल रही थी, उस घर से चार अर्थियां निकलीं तो हर किसी की आंखों में आंसू आ गए। आगरा के सराफ राजकुमार मित्तल, उनकी पत्नी, बेटी और साले की औरेया में सड़क हादसे में मौत की खबर जिसने भी सुनी, वह सन्न रह गया। बल्केश्वर के लोगों के लिए यह यकीन करना मुश्किल हो रहा था कि जो लोग रविवार शाम तक उनके बीच ही हंस-बोल रहे थे, वे दुनिया छोड़कर चले गए। मृत चारों लोगों के शव रात 10:45 बजे बल्केश्वर पहुंचे। एक साथ चारों का दाह संस्कार किया गया।
आगराः सराफ परिवार में चल रही थी बेटी की शादी की तैयारी, पसर गया मातम, एक साथ जलीं चार चिताएं
राजकुमार मित्तल की बल्केश्वर चौराहे पर दीक्षा ज्वेलर्स के नाम से दुकान है। उनकी छवि समाजसेवी की थी। पार्षद अमित ग्वाला उनकी दुकान के पास ही रहते हैं। उन्होंने बताया कि उन्हें इसकी जानकारी थी कि राजकुमार मित्तल बेटी दीक्षा का रिश्ता तय करने के लिए कानपुर जाएंगे। वे उन्हें फोन करके पूछने ही वाले थे कि कानपुर पहुंचे या नहीं, तभी उनके पास फोन आ गया। परिचित ने हादसे की जानकारी दी तो वह सन्न रह गए, यकीन नहीं हुआ। बल्केश्वर में बाजार बंद हो गया। पूरी कॉलोनी में शोक की लहर है।
राजकुमार मित्तल बेटी दीक्षा की शादी बड़ी धूमधाम से करना चाहते थे। उसका रिश्ता तय करने गए तो रिश्तेदारों को बता दिया था कि अब शादी की तैयारी में जुटना है। बल्केश्वर में इस दर्दनाक हादसे की खबर जिसने भी सुनी, वह स्तब्ध रह गया। सोमवार को राजकुमार मित्तल कानपुर जाने की तैयारी में लगे रहे। रात में फलों की टोकरी और मिठाई खरीद लाए थे। बेटी के रिश्ते की बात पहले से चल रही थी। अब रिश्ता तय होना था। घर में खुशी का माहौल था।
राजकुमार मित्तल के साले महावीर राधा विहार, सिकंदरा में रहते थे। उनके बेटे की कुछ दिन पहले ही मौत हो गई थी। तब से बहुत परेशान रहते थे। उनके घर में कोहराम मचा है। कुछ ही दिनों के अंदर ही बेटे और पिता की जान चली गई।
दोस्त बोले-सबके काम आते थे राजकुमार
सराफ परिवार के पारिवारिक मित्र के एम सिंघल ने बताया कि राजकुमार मित्तल सबके काम आते थे। जिसे जरूरत होती, उसकी मदद के लिए पहुंच जाते। वह जगन्नाथ यात्रा में बढ़ चढ़कर हिस्सा लेते थे। अक्सर कहते थे कि बेटी की शादी धूमधाम से करनी है।