तीसरे दिन रविवार को भी आगरा की हवा बेहद खराब की श्रेणी में रही। सुबह और शाम को शहर स्मॉग, धुआं और धूल की चादर में लिपटा रहा। दोपहर में कुछ देर धूप निकली। फिर बादल छा गए। एयर क्वालिटी इंडेक्स (एक्यूआई) 418 के खतरनाक स्तर पर पहुंचने से जहां एक तरफ दमा रोगियों से लेकर बुजुर्गों व बच्चों की सांस फूलती रही वहीं दूसरी तरफ नोटिस के बाद भी खोदाई व निर्माण कार्यों से धूल के गुबार उड़ते रहे। सड़कों पर जाम में वाहन काला धुआं उगलते रहे।
{"_id":"618816ee8eb9006e7222e583","slug":"agra-air-pollution-level-news-in-hindi-agra-air-quality-index-at-dangerous-level","type":"photo-gallery","status":"publish","title_hn":"प्रदूषण से फूला ताजनगरी का दम: देश का 12वां सबसे प्रदूषित शहर रहा आगरा, 418 रहा एक्यूआई","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
प्रदूषण से फूला ताजनगरी का दम: देश का 12वां सबसे प्रदूषित शहर रहा आगरा, 418 रहा एक्यूआई
Mon, 08 Nov 2021 12:07 AM IST
मुकेश कुमार
अमर उजाला ब्यूरो, आगरा
अमर उजाला ब्यूरो, आगरा
Published by: मुकेश कुमार
Updated Mon, 08 Nov 2021 12:07 AM IST
विज्ञापन
रविवार को दिनभर छाई रही धुंध
- फोटो : अमर उजाला
दिनभर छाई रही धुंध
- फोटो : अमर उजाला
केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के मुताबिक रविवार को आगरा का एक्यूआई 418 माइक्रोग्राम प्रति क्यूबिक मीटर तक पहुंच गया। शनिवार रात 12 बजे सूक्ष्म कण पीएम-10 अधिकतम स्तर 500 तक पहुंच गए। जबकि पीएम-2.5 का अधिकतम स्तर 500 दर्ज हुआ है। कॉर्बन गैस की मात्रा औसत से 30 गुना अधिक है। शहर जहरीली गैस के चैंबर में तब्दील हो गया है। सूक्ष्म कण खतरनाक स्तर पर होने के कारण आबोहवा सांस लेने लायक नहीं रही।
आगरा: शहर पर छाई रही धुंध
- फोटो : अमर उजाला
राहत के नहीं आसार
यूपीपीसीबी के क्षेत्रीय अधिकारी विश्वनाथ शर्मा ने बताया कि अगले दो माह तक वायु प्रदूषण में राहत के आसार नहीं हैं। दिसंबर तक एक्यूआई अधिक रहेगा। ये मौसम का प्रभाव है। नियंत्रण के लिए क्या-क्या उपाय किए जा रहे हैं, इस सवाल पर उनका कहना है कि प्रदूषण बढ़ने के लिए अकेले हम जिम्मेदार नहीं हैं। आईएसबीटी फ्लोआवर के लिए एनएचएआई, स्मार्ट सिटी कार्यों के लिए सीईओ नगरायुक्त, इनर रिंग रोड के लिए एडीए उपाध्यक्ष, सीवर व गंगाजल कार्यों के लिए जल निगम और मेट्रो को नोटिस जारी कर चुके हैं। पर्यावरण की क्षति का आकलन कराया जाएगा। कार्यदायी संस्थाओं पर जुर्माना लगेगा।
यूपीपीसीबी के क्षेत्रीय अधिकारी विश्वनाथ शर्मा ने बताया कि अगले दो माह तक वायु प्रदूषण में राहत के आसार नहीं हैं। दिसंबर तक एक्यूआई अधिक रहेगा। ये मौसम का प्रभाव है। नियंत्रण के लिए क्या-क्या उपाय किए जा रहे हैं, इस सवाल पर उनका कहना है कि प्रदूषण बढ़ने के लिए अकेले हम जिम्मेदार नहीं हैं। आईएसबीटी फ्लोआवर के लिए एनएचएआई, स्मार्ट सिटी कार्यों के लिए सीईओ नगरायुक्त, इनर रिंग रोड के लिए एडीए उपाध्यक्ष, सीवर व गंगाजल कार्यों के लिए जल निगम और मेट्रो को नोटिस जारी कर चुके हैं। पर्यावरण की क्षति का आकलन कराया जाएगा। कार्यदायी संस्थाओं पर जुर्माना लगेगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
आगरा: सड़क पर उड़ती धूल
- फोटो : अमर उजाला
पानी का छिड़काव न जाम से निजात
जिलाधिकारी प्रभु एन सिंह ने छोटी दिवाली पर वायु प्रदूषण पर नियंत्रण के लिए बैठक बुलाई थी। एडीए, नगर निगम सहित सभी विभागों को कार्य स्थलों पर तीन बार छिड़काव और जाम से निजात के लिए फोर्स तैनाती के आदेश एसपी ट्रैफिक को दिए थे। शुक्रवार और शनिवार को छिड़काव नहीं हुआ। ये खुलासा डीएम द्वारा कराए सत्यापन से हुआ। रविवार को इनर रिंग रोड व हाइवे पर छिड़काव हुआ। लेकिन वाहनों के पहियों से फिर धूल उड़ने लगी।
जिलाधिकारी प्रभु एन सिंह ने छोटी दिवाली पर वायु प्रदूषण पर नियंत्रण के लिए बैठक बुलाई थी। एडीए, नगर निगम सहित सभी विभागों को कार्य स्थलों पर तीन बार छिड़काव और जाम से निजात के लिए फोर्स तैनाती के आदेश एसपी ट्रैफिक को दिए थे। शुक्रवार और शनिवार को छिड़काव नहीं हुआ। ये खुलासा डीएम द्वारा कराए सत्यापन से हुआ। रविवार को इनर रिंग रोड व हाइवे पर छिड़काव हुआ। लेकिन वाहनों के पहियों से फिर धूल उड़ने लगी।
विज्ञापन
आगरा शहर
- फोटो : अमर उजाला
'एनसीआर का प्रभाव'
जिलाधिकारी प्रभु एन. सिंह ने कहा कि वायु प्रदूषण की नियमित समीक्षा हो रही है। साइट्स पर सत्यापन कराया जा रहा है। ये बदलाव एनसीआर का प्रभाव है। हालात नहीं सुधरे तो प्रतिबंधात्मक कदम उठाने पड़ेंगे।
ताजनगरी का हाल
संजय प्लेस : 415
मनोहपुर : 411
सेक्टर-तीन : 425
शास्त्रीपुरम : 401
शाहजहां गार्डन : 439
आंकड़े माइक्रोग्राम प्रति क्यूबिक मीटर में हैं।
जिलाधिकारी प्रभु एन. सिंह ने कहा कि वायु प्रदूषण की नियमित समीक्षा हो रही है। साइट्स पर सत्यापन कराया जा रहा है। ये बदलाव एनसीआर का प्रभाव है। हालात नहीं सुधरे तो प्रतिबंधात्मक कदम उठाने पड़ेंगे।
ताजनगरी का हाल
संजय प्लेस : 415
मनोहपुर : 411
सेक्टर-तीन : 425
शास्त्रीपुरम : 401
शाहजहां गार्डन : 439
आंकड़े माइक्रोग्राम प्रति क्यूबिक मीटर में हैं।