राजधानी शिमला से सटे पर्यटन स्थल कुफरी में बुधवार रात सीजन का पहला हिमपात हुआ। मनाली शहर ने भी बर्फ की चादर ओढ़ ली है। कुल्लू, मंडी, चंबा, शिमला, कांगड़ा और सिरमौर जिला के कई इलाकों में बुधवार रात ताजा बर्फबारी हुई। लाहौल और पांगी समेत मंडी के कई क्षेत्रों का बर्फबारी के चलते अन्य क्षेत्रों से संपर्क कट गया है।
वीरवार को दर्जनों सड़कें भी बर्फबारी के चलते बंद रही। प्रदेश के जनजातीय क्षेत्रों में बर्फबारी से जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। बिजली और पानी की सप्लाई कई जगह ठप हो गई है। नवंबर में कई सालों बाद बर्फ गिरने से पर्यटन को पंख लगने की संभावना बढ़ गई है। पर्यटन कारोबार से जुड़े कारोबारियों में इस साल अधिक सैलानियों के हिमाचल आने की आस जगी है।
बर्फबारी से प्रदेश के किसान-बागवान भी खुश हैं। उधर, शिमला समेत सूबे के कई इलाकों में बुधवार रात भर बारिश जारी रही। बर्फबारी और बारिश से हिमाचल ठंड की चपेट में आ गया है। बुधवार रात को मनाली, कुफरी, केलांग और कल्पा में पारा शून्य से नीचे रिकॉर्ड हुआ। वीरवार को प्रदेश के सभी क्षेत्रों में मौसम साफ रहा। धूप खिलने से लोगों को ठंड से कुछ राहत मिली। शुक्रवार को भी प्रदेश में मौसम साफ रहने का पूर्वानुमान है।
राजधानी से सटे कुफरी, खड़ापत्थर और नारकंडा में बुधवार देर रात बारिश के बाद हल्की बर्फबारी हुई। सुबह के समय सैलानियों ने बर्फबारी का खूब लुत्फ उठाया। पर्यटन नगरी नारकंडा में बुधवार रात को हाटु पीक और देरठु पीक में करीब एक फुट बर्फबारी दर्ज की गई। वहीं, नारकंडा में चार इंच बर्फबारी हुई।
आनी के जलोड़ीजोत में एक फुट बर्फबारी होने से एनएच 305 बंद हो गया है। रोहडू से डोडरा क्वार के लिए जाने वाली सड़क भी बंद हो गई है। किन्नौर जिले के ऊंचाई वाले क्षेत्रों मेें चार इंच तक बर्फबारी हुई है। लाहौल-स्पीति में भारी बर्फबारी से बिजली, टेलीफोन व यातायात सुविधा पूरी तरह से ठप हो गई है। बर्फबारी से जिला में करीब एक दर्जन बसों के रूटों प्रभावित हो गए हैं। चंबा जिले की ऊपरी चोटियां भी बर्फ से लकदक हो गई हैं।