वीरभद्र सरकार ने नए साल से पहले ही लाखों कर्मचारियों को कई तोहफे दे दिए हैं। सरकार ने डीए, भत्तों आदि की मांगों को मान लिया है। आइए जानते हैं सीएम की अध्यक्षता में हुई जेसीसी की बैठक में क्या क्या फैसले लिए गए-
राज्य सरकार ने सरकारी कर्मचारियों को कर्मचारियों को पहली जुलाई 2016 से देय महंगाई भत्ता देने की घोषणा कर दी है। मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने वीरवार को राज्य सचिवालय में हुई संयुक्त समन्वय समिति की बैठक में इसका ऐलान किया। साथ ही कहा कि कर्मचारियों की सेवानिवृत्ति आयु बढ़ाने और कर्मचारियों को 4-9-14 का लाभ देने का मामला कैबिनेट में ले जाया जाएगा। वहीं, सीएम ने कहा कि कर्मचारी प्रदेश की रीढ़ हैं और उनके प्रति सरकार हमेशा सकारात्मक रवैया रखती है।
मीटिंग के पहले सत्र में शिरकत करते हुए सीएम ने कर्मचारियों का राजधानी भत्ता और जनजातीय भत्ता बढ़ाने की भी घोषणा की। इसके बाद बैठक के दौरान अतिरिक्त मुख्य सचिव अतिरिक्त मुख्य सचिव कार्मिक तरुण श्रीधर और अतिरिक्त मुख्य सचिव वित्त डा श्रीकांत बाल्दी की एक कमेटी गठित करने का भी निर्णय लिया गया।
फारका ने सभी विभागों को पदोन्नति के मामलों का शीघ्र निपटारा करने के निर्देश दिए ताकि कर्मचारी को समय पर लाभ मिल सके। उन्होंने यह भी निर्देश दिए कि भर्ती एवं पदोन्नति नियम को विभाग की संबंधित एसोसियेशन के साथ विचार विमर्श कर तैयार किया जाए। उन्होंने विभागीय कार्यवाही तथा विभागीय जांच के लंबित मामलों का प्राथमिकता के आधार पर निपटारा करने के निर्देश दिए। उन्होंने इन सभी मामलों में रिपोर्ट हर महीने सरकार को प्रस्तुत करने को कहा।
शिमला के एसडीए परिसर में सार्वजनिक शौचालयों के निर्माण की मांग पर मुख्य सचिव ने कहा कि मामला नगर निगम शिमला से उठाया जाएगा। कर्मचारियों के लिए आवासीय क्वाटरों के निर्माण की मांग पर उन्होंने कहा कि सरकार कर्मचारियों को आवासीय सुविधा प्रदान करने तथा मौजूदा आवासों की मुरम्मत की दिशा में ठोस प्रयास कर रही है। उन्होंने इस संबंध में मामला विशेष प्रस्तुत करने को कहा तथा आश्वासन दिया कि इसके लिए उचित धनराशि उपलब्ध करवाई जाएगी।