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पंजाब निकाय चुनाव : कांग्रेस की जीत, भाजपा की हार पर किसान आंदोलन का कितना असर, केजरीवाल को झटका देंगे ये नतीजे
Wed, 17 Feb 2021 03:37 PM IST
निवेदिता वर्मा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: निवेदिता वर्मा
Updated Wed, 17 Feb 2021 03:37 PM IST
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पंजाब निकाय चुनाव
- फोटो : अमर उजाला
पंजाब निकाय चुनाव के परिणामों पर किसान आंदोलन का पूरा प्रभाव देखने को मिला। कृषि कानूनों के खिलाफ आंदोलन कर रहे किसानों का खुलकर समर्थन कर रही कांग्रेस ने निकाय चुनावों में बड़ी बढ़त हासिल कर ली है। दूसरी ओर, अकाली दल से अलग होकर पहली बार चुनाव मैदान में उतरी भाजपा को कृषि कानूनों को लेकर प्रदेश में चल रही गुस्से की लहर का खामियाजा भुगतना पड़ा है।
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कपूरथला में बंद पड़ा भाजपा का दफ्तर।
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
भाजपा का प्रदर्शन इन चुनाव में निराशाजनक रहा। वहीं बेअदबी के आरोपों से घिरे अकाली दल ने निकाय चुनाव में दूसरे नंबर पर रहकर न सिर्फ अपनी साख बचा ली है, वहीं यह भी साबित कर दिया है कि केंद्रीय कृषि कानून लागू करने में निभाई उनकी भूमिका को पंजाब के लोगों ने माफ कर दिया है।
कपूरथला में बंद पड़ा अकाली दल का दफ्तर।
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
वहीं कृषि कानूनों के खिलाफ आम आदमी पार्टी लगातार मुखर रही। दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने आंदोलन कर रहे किसानों को कई तरह की मदद भी मुहैया करवाई। इसके बावजूद पंजाब की जनता ने उन्हें नकार दिया। मतगणना में आप तीसरे स्थान पर दिखाई दे रही है। नगर निगमों के साथ-साथ नगर परिषद व पंचायत चुनाव में भी कांग्रेस को जनता ने जोरदार फतवा दिया है।
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गुरदासपुर में जीत के बाद जश्न मनाते कांग्रेसी।
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
बुधवार को पंजाब की सात नगर निगमों अबोहर, बठिंडा, बटाला, कपूरथला, होशियारपुर, पठानकोट और मोगा के अब तक आए परिणाम के अनुसार, अबोहर में कांग्रेस ने 50 में से 49 वार्ड जीत लिए हैं जबकि अकाली दल को एक वार्ड मिला है। होशियारपुर को अकाली-भाजपा का गढ़ माना जाता रहा है। वहां कांग्रेस ने 50 में से 31 वार्ड जीत लिए हैं। भाजपा को 4 और आप को 2 वार्डों में जीत हासिल हुई है। इस बार यहां अकाली दल और बहुजन समाज पार्टी खाता भी नहीं खोल सके।
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जीरकपुर में खुशी मनाते कांग्रेसी।
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
मोगा में कांग्रेस ने 50 में से 20 वार्ड में और अकाली दल ने 15 वार्डों में जीत हासिल की है जबकि आप ने 4 और भाजपा ने 1 वार्ड में जीत हासिल की है। पठानकोट नगर निगम पर भी कांग्रेस का कब्जा हो गया है। यहां कांग्रेस ने 37 वार्डों में जीत दर्ज की जबकि भाजपा को केवल 11 सीटें ही मिली हैं। एक सीट पर निर्दलीय प्रत्याशी जीता है।