जम्मू-कश्मीर के बडगाम जिले के ओमपुरा में एक दिन पहले लापता हुई चार साल की बच्ची के क्षत विक्षत शव शुक्रवार सुबह वन विभाग की नर्सरी में मिला है। उस पर तेंदुए द्वारा हमला किया जाने का शक है। गुस्साए लोगों ने जिला प्रशासन और वन्यजीव विभाग के खिलाफ प्रदर्शन किया। प्रशासन ने लोगों को उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया है। जानकारी के अनुसार, वीरवार की शाम अपने घर के पिछले हिस्से से चार साल की एक बच्ची लापता हो गई थी। रात भर खोज के बाद उसका शव क्षतविक्षत हालात में वन विभाग की नर्सरी में मिला है। शक है कि शाम को खेलते समय उसे तेंदुआ उठा ले गया होगा। बच्ची के दादा ने कहा कि 550 कनाल की फारेस्ट नर्सरी की देखरेख के लिए केवल आठ फारेस्ट गार्ड और एक रेंजर है। जिसके कारण गश्त का काम पूरी तरह नहीं हो पाता।
लोगों का कहना है कि यह जंगली जानवर आदमखोर हो चुके हैं। इलाके में भय का माहौल बना रहता है।
इसके कारण उन्हें अब रात के समय ही नहीं, बल्कि दिन में भी डर लगता है।
इस घटना के बाद उपायुक्त और एसएसपी शोक में डूबे परिवार के घर गए और कार्रवाई का आश्वासन दिया।
इससे पहले जिला प्रशासन ने वन्यजीव विभाग के अधिकारियों के साथ बैठक कर पर्याप्त संख्या में कर्मचारियों को हथियारों के साथ तैनात करने के साथ जंगल में गिरे हुए पेड़ों और झाड़ियों को साफ करने और फेंसिंग को भी ठीक करने के निर्देश दिए हैं।
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