जम्मू-कश्मीर सरकार ने कोरोना की संभावित तीसरी लहर से लड़ने के लिए अभी से तैयारियां शुरू कर दी हैं। सरकार ने एक उच्च स्तरीय समिति का गठन किया है जो स्वास्थ्य ढांचे की मजबूती समेत तीसरी लहर के लिए एक्शन प्लान तैयार करेगी। इस बीच प्रदेश में डीआरडीओ के सहयोग से बनने वाले दो 500 बेड के अस्पताल का कामकाज सुचारु रूप से संचालित करने के लिए 1366 पदों पर नियुक्ति को मंजूरी दी है।
तीसरी लहर से जंग की तैयारी: सरकार ने गठित की उच्च स्तरीय समिति, कोरोना को मात देंगे ये कदम
सरकार ने तीसरी लहर से लड़ाई में एम्स जम्मू के कार्यकारी निदेशक डॉ. शक्ति गुप्ता को भी उतारते हुए उन्हें समिति का सह अध्यक्ष बनाया है, जबकि स्किम्स सौरा श्रीनगर के पूर्व निदेशक डॉ. एमएस खुरू को अध्यक्ष बनाया गया है। स्किम्स सौरा श्रीनगर के निदेशक डॉ. एजी अहंगर, जीएमसी श्रीनगर की प्रिंसिपल डॉ. सामिया रशीद, जेके मेडिकल सप्लाई कोरपोरेशन के प्रबंध निदेशक डॉ. यशपाल शर्मा, एनएचएम के मिशन निदेशक यासीन चौधरी, जीएमसी श्रीनगर के पीएसएम विभाग के अध्यक्ष डॉ. सलीम, जीएमसी श्रीनगर के पीडियाट्रिक्स विभाग के अध्यक्ष डॉ. मुज्जफर जान, जीएमसी जम्मू के चेस्ट रोग विभाग के अध्यक्ष डॉ.राहुल गुप्ता और एम्स नई दिल्ली के सीनियर रेजिडेंट प्रशासक डॉ. खालिद को कमेटी में सदस्य बनाया गया है।
वहीं, जम्मू व श्रीनगर में बन रहे डीआरडीओ के अस्पताल के लिए 1366 पदों को मंजूरी दी गई है। यह पद तीन साल के लिए सृजित किए गए हैं, लेकिन शुरुआत में एक साल के लिए ही नियुक्ति होगी। मेडिकल सुपरिटेंडेंट तथा डिप्टी मेडिकल सुपरिटेंडेंट के पद स्वास्थ्य विभाग से भरे जाएंगे। फिजिशियन, एनेस्थीसिया विशेषज्ञ, बाल रोग विशेषज्ञ तथा मेडिकल अफसर, नर्सिंग स्टाफ, पैरामेडिकल व तकनीकी स्टाफ स्वास्थ्य विभाग के साथ ही अनुबंध के आधार पर भरे जाएंगे।
स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा विभाग के आयुक्त सचिव की ओर से जारी आदेश में कहा गया है कि जम्मू व श्रीनगर में जीएमसी की प्रिंसिपल की अध्यक्षता में कमेटी अनुबंध पर नियुक्ति की प्रक्रिया पूरी करेगी।
मेडिकल सुपरिटेंडेंट, डिप्टी मेडिकल सुपरिटेंडेंट, फिजिशियन, एनेस्थीसियासिस्ट, पीडियाट्रिशियन, मेडिकल अफसर, नर्सिंग सुपरवाइजर, स्टाफ नर्स, फार्मासिस्ट, लैब तकनीशियन, एक्स-रे तकनीशियन, इलेक्ट्रीशियन, प्लंबर, डाटा एंट्री ऑपरेटर, नर्सिंग अर्दली, सेनेटरी वर्कर के पद शामिल रहेंगे।.