गाजियाबाद के मोदीनगर के सीकरी कला गांव में सरोज शर्मा (58) की गला दबाकर और सिर पर किसी भारी वस्तु से प्रहार कर हत्या कर दी गई। आरोपी घटना को अंजाम देने के बाद मकान को अंदर से बंद कर फरार हो गया। शव देखकर अंदाजा लगाया जा रहा कि हत्या दो दिन पूर्व की गई है। महिला के शव के साथ दो दिन तक उसका ढाई वर्षीय पोता कल्लू भी घर के अंदर बंद रहा। गुरुवार दोपहर महिला का बेटा गांव पहुंचा तो महिला का हाथ बंधा लहूलुहान शव आंगन में पड़ा मिला। सूचना पर मौके पर पहुंची पुलिस और फॉरेंसिक टीम ने जांच पड़ताल की।
महिला ही नहीं इंसानियत का भी कत्ल: दो दिन तक शव के पास रहा ढाई साल का मासूम, खौफनाक मंजर देख कांप उठे लोग
सरोज शर्मा के पति मांगेराम की करीब एक दशक पूर्व बीमारी के चलते मौत हो गई थी। उनके बड़े बेटे मनजीत की भी मौत हो चुकी है। महिला का इकलौता पुत्र सियानंद अपनी दूसरी पत्नी संजू व ढाई वर्षीय पुत्र कल्लू के साथ मोदीनगर के गुरुद्वारा रोड स्थित एक किराए के मकान में रहता है। सियानंद एक प्राइवेट कंपनी में मशीनमैन है। समय-समय पर अपनी मां के पास गांव जाता रहता है।
ग्रामीणों ने बताया कि गुरुवार को सरोज शर्मा के मकान में जंगले के पास एक छोटा बच्चा रो रहा था। बच्चे की रोने की आवाज सुनकर पड़ोसी वहां जमा हो गए। इसी बीच सियानंद की वहां पहुंच गया। अंदर से कोई जवाब नहीं मिलने पर सियानंद पास के मकान के सहारे घर में दाखिल हुआ। घर के आंगन में मां का लहूलुहान शव पड़ा मिला। उसके हाथ साड़ी से पीठ पर बंधे हुए थे। घर का सामान भी अस्त-व्यस्त था। थाना प्रभारी योगेंद्र सिंह ने बताया कि फोरेंसिक टीम ने मौके से साक्ष्य एकत्रित किए है। मामले का शीघ्र ही खुलासा कर दिया जाएगा।
दो दिन पहले बेटे को मां के पास था छोड़ा
सियानंद ज्यादातार अपनी पत्नी संजू और ढाई वर्षीय पुत्र कल्लू के साथ मोदीनगर में ही रहता था। वहां से गांव की दूरीब तीन किमी होगी है। सियानंद ने बताया कि उसका पहली पत्नी से तलाक हो चुका है और वह दूसरी पत्नी व बेटे के साथ मोदीनगर में रहता है। मंगलवार को कल्लू को मां के पास गांव में छोड़कर आया था। उसने बताया कि तीन दिन पूर्व सीकरी नाले में उसका फोन गिर गया था। जिससे गांव में संपर्क नहीं कर पाया था। वहीं, आसपास के लोगों ने बताया कि बुधवार को भी कल्लू काफी देर तक जंगले के पास खड़ा होकर रोता रहा, मगर घर अंदर से बंद होने के कारण लोगों ने गंभीरता से नहीं लिया। पड़ोसियों के अनुसार वह लोगों से कम मिलती जुलती थी। मंगलवार से सरोज को नहीं देखा था। बृहस्पतिवार को कल्लू दोबारा काफी देर तक रोया तो शक हुआ।
हत्या में करीबी पर शक
पुलिस के अनुसार सरोज की किसी से दुश्मनी या रंजिश की बात अभी सामने नहीं आई है। घटना को जिस तरह से अंजाम दिया गया है। उसे देखकर लग रहा है कि हत्यारा कोई करीबी होगा, जो आसानी से घर में दाखिल हुआ होगा और वारदात को अंजाम देकर फरार हो गया।