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रहस्य बनी भूतों के पीछे भागने वाले गौरव की मौत, अदृश्य शक्ति पर कर रहा था काम
ब्यूरो/अमर उजाला, नई दिल्ली
Updated Mon, 11 Jul 2016 10:16 PM IST
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गौरव तिवारी
- फोटो : फेसबुक
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अदृश्य शक्ति व आत्मा होने पर खोज का दावा करने वाले व इंडियन पैरानॉर्मल सोसाइटी के संस्थापक गौरव तिवारी (32) की मौत का रहस्य बरकरार है। घटनास्थल से मिले चुन्नी और गौरव के गर्दन पर निशान होने से पुलिस इसे आत्महत्या का मामला मान रही है। हालांकि, वह अन्य पहलुओं पर भी जांच करने की बात कह रही है। वहीं, पिता का दावा है कि गौरव किसी अदृश्य शक्ति द्वारा अपनी ओर खींचने की बात कहता था।
गौरव तिवारी
- फोटो : फेसबुक
ऐसे में पुलिस अब गौरव के पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार कर रही है। बता दें कि गत बृहस्पतिवार को गौरव बाथरूम में अचेत मिला था। उसे उपचार के लिए अस्पताल ले जाने पर डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया था।
गौरव तिवारी
- फोटो : फेसबुक
पुलिस अधिकारी का कहना है कि गौरव अपने परिजनों का इकलौता संतान था। गौरव की इसी वर्ष जनवरी में शादी हुई थी। गौरव का परिवार अभी सदमे में हैं। इसलिए पुलिस अभी परिवार पर पूछताछ के लिए दबाव नहीं बना रही है।
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गौरव तिवारी
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क्या हुआ था 6 जुलाई को-
गौरव 6 जुलाई को काम के सिलेसिले में जनकपुरी गया। वहां से देर रात करीब डेढ़ बजे घर लौटा। खाना खाने के बाद वह सो गया। सुबह करीब साढ़े नौ बजे सोकर उठा और बाथरूम चला गया। वह बाथरूम में काफी देर तक रहा।
गौरव 6 जुलाई को काम के सिलेसिले में जनकपुरी गया। वहां से देर रात करीब डेढ़ बजे घर लौटा। खाना खाने के बाद वह सो गया। सुबह करीब साढ़े नौ बजे सोकर उठा और बाथरूम चला गया। वह बाथरूम में काफी देर तक रहा।
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गौरव तिवारी
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करीब 11 बजे अचानक बाथरूम में जोरदार आवाज सुनकर गौरव के माता-पिता और पत्नी ने दरवाजा खटखटाया। लेकिन, अंदर से कोई आवाज नहीं आने पर दरवाजा तोड़ दिया। गौरव फर्श पर अचेत पड़ा था। उसके गले में चुन्नी बंधी थी। जबकि, दूसरा सिरा कपड़ा रखने वाली रॉड से बंधा था। परिवार वाले तुरंत उसे इलाज के लिए अस्पताल ले गए जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।