देश के लिए जान की आहुति देने वाले दमदमा के लाल शहीद लांसनायक राज सिंह खटाना को नम आंखों और देशभक्ति के नारों की गूंज के साथ अंतिम विदाई दी गई। बेटे ऋषभ ने उनकी चिता को मुखाग्नि दी। यह देखकर दमदमा के श्मशान घाट में राज सिंह खटाना की शहादत को सलाम करने आए ग्रामीणों और गणमान्य लोगों की आंखों से आंसू छलक गए।
आतंकियों से मुठभेड़ में शहीद हुए लांस नायक राज सिंह को बेटे ने दी मुखाग्नि, मां बोली- बेटे पर गर्व है
‘फौजियों का जन्म शहादत के लिए होता है। मुझे गर्व है कि मेरा बेटा शहीद हुआ है। बेटे को खोने का गम है, लेकिन अपने छोटे बेटे समेत दोनों पोतों को फौज में जाने के लिए आगे बढ़ाऊंगी। यह बात शहीद लांसनायक राज सिंह की मां बिमला देवी ने अपने बेटे को श्रद्धांजलि देते हुए कही।
बिमला देवी ने बताया कि उन्हें गर्व है कि उनके पति गजराज सिंह सेना में हवलदार रहे। बेटा लांसनायक रहते हुए देश की रक्षा करते हुए शहीद हो गया। अब छोटा बेटा फौज में जाने की तैयारी कर रहा है। राज सिंह के दोनों बेटों ऋषभ और अनुराग व बेटी इशिका को भी पढ़ाकर फौज में जाने के लिए तैयार करेंगी। उधर, दमदमा के ग्रामीण भी राज सिंह की शहादत पर गर्व महसूस कर रहे हैं।
आतंकियों से मुठभेड़ में शहीद हुए लांस नायक राज सिंह को बेटे ने दी मुखाग्नि, मां बोली- बेटे पर गर्व है
आतंकियों से मुठभेड़ में शहीद हुए लांस नायक राज सिंह को बेटे ने दी मुखाग्नि, मां बोली- बेटे पर गर्व है
सुरक्षाबलों को कल रात आतंकियों के धड़ा पोस्ता इलाके में छिपे होने की सूचना मिली थी। इसके बाद सेना की 10आरआर और पुलिस ने संयुक्त तलाशी अभियान शुरू किया था। रविवार सुबह करीब छह बजे मकान में छिपे आतंकियों ने सुरक्षाबलों को अपनी तरफ आता देखा फायरिंग शुरू कर दी।
इस दौरान सेना के 10 राष्ट्रीय राइफल्स के जवान राज सिंह निवासी हरियाणा गोली लगने से गंभीर रूप से घायल हो गए। कुछ देर बाद उन्होंने दम तोड़ दिया। नौ घंटे तक चली मुठभेड़ में सुरक्षाबलों ने दोनों आतंकियों को मार गिराया।