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एक ऐसा गांव जहां हर घर में बसते है भारतीय सेना के जवान और सैनिक, देखिए

Thu, 12 Jan 2017 09:36 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, हिसार(हरियाणा)
ब्यूरो/अमर उजाला, हिसार(हरियाणा) Updated Thu, 12 Jan 2017 09:36 AM IST
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unique village of army soldiers, situated in hisar of haryana
भारतीय सेना के जवानों का अनोखा गांव
ये भारतीय सैनिकों का गांव है। यहां हर घर में सैनिक रहते हैं। गांव के लड़कों की सुबह फौजी ट्रेनिंग के साथ शुरू होती है। ये गांव बार्डर के पास नहीं है।
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भारतीय सेना के जवानों का अनोखा गांव
बात हो रही है हरियाणा के हिसार के गांव सौथा की। गांव के पास बने मैदान में छुट्टी पर आए सेना के जवान ही युवाओं को सेना भर्ती की ट्रेनिंग देते हैं। पिछले 9 बरसों से ये सिलसिला जारी है। यही वजह है 3,800 की आबादी वाले इस गांव के 45 युवा सेना में तैनात हैं।
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- फोटो : DEMO Pics
युवाओं के जज्बे को देखते हुए पंचायत ने भी सुविधाओं पर ध्यान दिया है। सेना के प्रति गांव के युवाओं का उत्साह देखते हुए गांव के सरपंच ने 9 एकड़ जमीन पर ट्रेनिंग के लिए एथलेटिक ट्रैक बनवाया है। खेलों और सेना के प्रति युवाओं के रुझान से अच्छी बात यह है कि गांव का कोई आपराधिक रिकॉर्ड भी नहीं है।
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भारतीय सेना के जवानों का अनोखा गांव
साल 2007 में गांव के सुरेंद्र उर्फ टीनू का पैरामिलिट्री में सिलेक्शन हुआ था। उन्हें राष्ट्रपति की सुरक्षा का अहम जिम्मा मिला। टीनू जब छुट्टी पर आया तो उसे कमांडो के रूप में देखकर उसके गांव के युवा इंस्पायर हुए। टीनू ने उसी दिन से युवाओं को ट्रेनिंग देना शुरू कर दिया। इस प्रयास में साथ आकर खड़े हुए गांव के दूसरे सैनिक रोहताश, फुलकुमार व संदीप। चारों ने मिलकर गांव में मैदान बनाया और युवाओं को ट्रेनिंग देना शुरू कर दिया।
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भारतीय सेना के जवानों का अनोखा गांव
वर्तमान में पुराने व नए मिलाकर गांव के 45 लोग सेना में भर्ती हैं। इनमें से 22 युवा तो पिछले तीन-चार सालों में ही भर्ती हुए हैं। तत्कालीन सरपंच रामस्वरूप चहल ने 1987 में ही गांव के चारों ओर व गलियों में फ्लड लाइटें लगवा दी थी। इसके अलावा गांव के चारों कोनों में सार्वजनिक शौचालय बनवा दिए थे। गांव में हर माह तीन-चार फौजी छुट्टी पर आते रहते हैं।
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