बेटे का सपना पूरा करने के लिए इस क्रिकेटर ने पिता ने कितना बड़ा त्याग किया। देखिए
हम बात कर रहे हैं अंडर 19 वर्ल्ड कप में प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट रहे क्रिकेटर शुभमन गिल की। इस कामयाबी के पीछे अकेले शुभमन की मेहनत ही नहीं है बल्कि उनके पिता और माता के त्याग के बारे में जानकर आप भी हैरान रह जाएंगे।
शुभमन गिल की मां कीरत कौर ने कहा कि उन्हें अपने बेटे के साथ पूरी टीम पर नाज है। बेटे को क्रिकेटर बनाने के लिए पिछले 15 साल से मेरा परिवार रिश्तेदाराें के किसी शादी, पार्टी, पारिवारिक प्रोग्राम में शिरकत नही कर सका।
मूलरूप से फाजिल्का के जलालाबाद के पास गांव के रहने वाले लखविंदर अपने बेटे शुभमन के क्रिकेट के प्रति लगाव को देखते हुए मोहाली में वर्ष 2007 में सेक्टर 70 रहने लगे। पिता लखविंदर खुद पीसीए के पीछे मोहाली क्रिकेट एसोसिएशन के क्रिकेट ग्राउंड पर उसे रोजाना कई घंटे अभ्यास कराते हैं।
पिता का सीना गर्व से हुआ चौड़ा
पिता लखविंदर की सीना भी गर्व से चौड़ा हो गया। उन्हें अपने बेटे के घर आने का बेसब्री से इंतजार है ताकि वह उसकी पसंदीदा खीर और गुड़ की चुरी खिला सकें। हालांकि फाइनल में शुभमन बड़ी पारी नहीं खेल सके लेकिन बल्ले से शानदार प्रदर्शन की बदौलत उन्हें प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट के खिताब से नवाजा गया। भारत की यंगिस्तान टीम ने आखिर वो कर दिखाया जिसकी सभी को उम्मीद थी।