मौसम के करवट लेते ही शिमला-मनाली में बर्फबारी शुरु हो गई है। ऐसे में शिमला प्रशासन ने बाहरी राज्यों को लेटर लिख कई हिदायतें जारी की हैं, देखिए
हर साल सर्दियों के मौसम के दौरान लाखों सैलानी शिमला घूमने तथा वहां पड़ती बर्फबारी का आनंद लेने के लिए जाते है। ऊंची पहाड़ियों पर स्थित इस केंद्र पर जब भारी बर्फबारी पड़ती है तो बड़ी तादाद में सैलानी पहुंच जाते है। जिससे आम जनजीवन प्रभावित होने लगता है।
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Snow covers Shimla's Tikkar area of Nawar valley
नतीजतन आवाजाही समस्या, सड़क हादसे, स्वास्थ्य सहूलियतें, होटलों में कमरों की कमी, बिजली तथा पानी की कमी भी पैदा हो जाती है। इन सभी परेशानियों को कम करने के लिए जिला प्रशासन शिमला की ओर से पंजाब, चंडीगढ़ तथा हरियाणा के प्रशासन से सहयोग की मांग की है। इस संबंध में शिमला के डिप्टी कमिश्नर रोहन चंद ठाकुर ने विभिन्न डिप्टी कमिश्नरों को पत्र लिखकर सैलानियों के लिए कुछ हिदायत जारी करने की अपील की है।
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Snow covers Shimla's Tikkar area of Nawar valley
पत्र में लिखा है कि घूमने के लिए आने से पहले सैलानी बाकायदा होटलों या गेस्ट हाउस में बुकिंग करवा कर ही आएं, क्योंकि मौके पर कमरा न मिलने के कारण सैलानियों को दिक्कत का सामना करना पड़ता है। जब शिमला में बर्फ पड़ती है तो यह आमतौर पर 3-4 दिन रहती है। इसके साथ लगते इलाकों कुफरी, नारकंडा तथा अन्य जगहों पर भी बर्फ पड़ती है। इसके अलावा...
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Snow covers Shimla's Tikkar area of Nawar valley
सैलानी एकदम शिमला पहुंचने के बजाय इसके साथ लगते इलाकों में भी आनंद ले सकते है। बर्फ कम होने के बाद शिमला का आनंद भी लिया जा सकता है। शिमला घूमने जाने वाले हमेशा तजुर्बेकार तथा समझदार ड्राइवर ही लेकर जाना चाहिए।