पंजाब के बठिंडा की नीतिका गोयल ने नेशनल एलिजीबिलिटी कम एंट्रेंस टेस्ट में ऑल इंडिया स्तर पर आठवां और पंजाब में दूसरा स्थान हासिल किया है। दो साल की कड़ी मेहनत के बाद मिली सफलता से उनके परिवार और रिश्तेदारों में खुशी का माहौल है।
नीतिका बताती हैं कि उन्होंने दो साल तक स्मार्ट फोन का इस्तेमाल नहीं किया। सभी सोशल साइट से दूर रहीं, ताकि समय की बर्बादी न होे। आगे नीतिका बताती हैं कि...
उन्होने दिन रात सिर्फ पढ़ाई पर ध्यान दिया। नीतिका ने चंडीगढ़ के आकाश इंस्टीट्यूट से भी पढ़ाई की है। इसके बाद एक प्राइवेट इंस्टीट्यूट से आगे की तैैयारियां की।
सिल्वर ऑक्स कॉलोनी निवासी नीतिका अपने माता-पिता को अपना रोल मॉडल मानती हैं। वह एमबीबीएस डॉक्टर बनकर लोगों की सेवा करना चाहती हैं।
नीतिका की माता रानी देवी लेक्चरर हैं और पिता सुरेश कुमार गोयल कृषि विभाग में एडीओ हैं। उनके भाई दिल्ली से पढ़ाई कर रहे हैं। अब नीतिका भी एमबीबीएस के लिए दिल्ली में ही दाखिला लेना चाहती हैं।