सेना के जवान ने दो साथियों को गोली मारकर मौत के घाट उतार दिया और फिर खुद भी सुसाइड कर ली। आखिर क्यों, इसकी असली वजह सामने आई है जानिए।
हिमाचल प्रदेश के धर्मशाला के मैक्लोडगंज में सिख रेजिमेंट के जवान ने रात दो बजे सोए हुए दो जवानों पर नौ राउंड फायर किए और इसके बाद एक गोली खुद को मारकर सुसाइड कर ली। गोलियां लगने के बाद तीनों की ही मौके पर मौत हो गई। मृतकों में हवलदार हरदीप सिंह (43), तरनतारन, जिला पंजाब, नायक हरपाल सिंह (35), गुरदासपुर, पंजाब का रहने वाला था। वहीं, गोली चलाने वाला आरोपी सिपाही जसवीर (21) बरनाला का रहने वाला था।
जानकारी के अनुसार, जसबीर सिंह की हरदीप सिंह के साथ रंजिश थी और इनका झगड़ा चल रहा था। हरपाल सिंह के साथ कोई रंजिश नही थी, लेकिन हरपाल के हरदीप का पक्ष लेने के कारण जसबीर ने उन्हें भी गोली मार दी। हिमाचल के डीजीपी एसआर मरडी ने भी इस मामले में अहम बयान दिया है। उन्होंने कहा कि तीनों ड्यूटी पर तैनात थे और इस दौरान उनके बीच किसी बात को लेकर झगड़ा हुआ था। इसके बाद जवान ने दोनों साथियों को गोली मार दी।
उन्होंने कहा कि पुलिस घटना की जांच हर एंगल से कर रही है। हालांकि शुरुआती जांच में दूसरा एंगल नहीं मिला है। झगड़ा ही इस पूरी घटना की प्रमुख वजह बना। पुलिस ने सिपाही जसवीर सिंह के खिलाफ धारा 302 के तहत मामला दर्ज कर आगामी कार्रवाई शुरू कर दी है। आर्मी कैंट एरिया टीहरा लाइन में हुए गोलीकांड की फोरेंसिक टीम धर्मशाला ने भी जांच की। उन्होंने भी मौके पर जाकर चलाई गई गोलियों के खोल सहित अन्य सैंपल एकत्रित किए हैं।
बता दें कि मृतक हरपाल सिंह के परिवार में उनके पिता, माता, पत्नी और दो बेटे है। हरपाल के पिता तरसेम सिंह भी फौज से रिटायर हुए थे। हरपाल के बड़े भाई बिक्रमजीत सिंह का बीमारी के चलते चार साल पहले देहांत हो चुका है। उनके पिता तरसेम सिंह गांव में पुश्तैनी जमीन पर कृषि करते है। जबकि उसकी पत्नी रुपिंदर कौर भी घर में रहती है और उसके दो बेटे सहजप्रीत सिंह (10) और अवनीत सिंह (6) हैं। बच्चे लिटिल फ्लावर स्कूल दीनानगर में पढ़ रहे हैं।