सूबे की मैक्सिमम सिक्योरिटी जेल नाभा पर रविवार सुबह चार गाड़ियों में पुलिस की वर्दी में आए दस हथियारबंद अपराधियों ने ताबड़तोड़ फायरिंग करते हुए हमला कर दिया। अपराधी जेल में बंद खालिस्तान लिबरेशन फोर्स के प्रमुख हरमिंदर सिंह उर्फ मिंटो समेत छह कैदियों को अपने साथ भगाकर ले गए। फरार अपराधियों में कश्मीर सिंह, गुरप्रीत सिंह सेखों, हरजिंदर सिंह उर्फ विकी गौंडर, अमनदीप सिंह ढोडियां और कुलप्रीत सिंह नीटू शामिल हैं। डीजीपी सुरेश अरोड़ा के मुताबिक हरविंदर सिंह मिंटू और कश्मीर सिंह आतंकी हैं और बाकी सभी खतरनाक गैंगस्टर हैं।
जेल ब्रेक : 12 मिनट में 6 कैदी फरार, टाइमलाइन के साथ एक नजर में पूरी वारदात
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हथियारबंद फार्च्यूनर और वरना गाड़ियों में आए थे। जेल ब्रेक की घटना के बाद नाभा जेल के सुपरिंटेंडेंट और डिप्टी सुपरिंटेंडेंट को तत्काल प्रभाव से बर्खास्त कर दिया गया है। वहीं, एडीजीपी जेल एमके तिवारी को मुअत्तल कर रोहित चौधरी को यह जिम्मेदारी दी गई है। आईपीएस एस भूपति को नाभा जेल का सुपरिंटेंडेंट नियुक्त किया गया है। साथ ही जांच के लिए एसआईटी गठित कर दी गई है।
कैदी को छोड़ने की बात कह संतरी से खुलवाया गेट
जानकारी के अनुसार सुबह करीब 9 बजे नाभा जेल के बाहरी गेट पर पांच पुलिस वर्दीधारी व्यक्ति पहुंचे। कार में हथकड़ी लगाकर एक व्यक्ति बैठाया गया था। अपराधियों ने जेल के बाहर खड़े संतरी को कहा कि वह कैदी को छोड़ने आए हैं। संतरी ने गेट खोल दिया।
इसके बाद इन आरोपियों ने हथियारों की नोक पर मुख्य गेट के संतरी को काबू कर लिया और फिर अंदरूनी गेट पर जाकर दूसरे संतरी से गेट खुलवाकर उसको भी काबू कर लिया। इस दौरान एक जेल मुलाजिम जगमीत बराड़ के मुंह पर हथियारबंदों ने चाबियां मारी, जिससे वह घायल हो गया। आरोपी हवाई फायरिंग करते हुए छह अपराधियों को जेल से भगा कर ले जाने में कामयाब हो गए। इस दौरान आरोपियों ने करीब 100 से ज्यादा राउंड फायर किए।
महज 15 मिनट में दिया वारदात को अंजाम-
सूत्रों के अनुसार हथियारबंद अपराधियों ने जेल से आतंकी समेत छह बदमाशों को भगाने की वारदात को महज 15 मिनट में अंजाम दिया। जबकि जेल के अंदर मुलाकात करने आए व्यक्ति को लगभग आधा घंटा कार्रवाई में लग जाता है। जेल के बाहर आरोपी भगाए गए कैदियों के साथ कारों में सवार होकर थूही रोड की तरफ भागे। जेल से करीब डेढ़ किलोमीटर दूरी पर 40 नंबर रेलवे फाटक बंद होने के कारण आरोपियों को अपनी कारें मोड़नी पड़ी। आरोपी फायरिंग करते हुए फिर से जेल के आगे से ही होते हुए मालेरकोटला रोड की तरफ चले गए।