{"_id":"6349636a49c1ae22634e61db","slug":"fake-dsp-arrested-by-police-in-khanna-of-punjab","type":"photo-gallery","status":"publish","title_hn":"इनसे सावधान: स्नातक तक पढ़ाई की... नौकरी नहीं मिली तो बना फर्जी DSP, खुद ही 'कांस्टेबल' भर्ती करने लगा","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम","slug":"crime"}}
इनसे सावधान: स्नातक तक पढ़ाई की... नौकरी नहीं मिली तो बना फर्जी DSP, खुद ही 'कांस्टेबल' भर्ती करने लगा
संवाद न्यूज एजेंसी, खन्ना (पंजाब)
Published by: ajay kumar
Updated Fri, 14 Oct 2022 07:09 PM IST
विज्ञापन
1 of 5
पुलिस की गिरफ्त में फर्जी डीएसपी।
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
Link Copied
पंजाब के खन्ना में पुलिस ने एक फर्जी डीएसपी को पकड़ा है। यह ठग प्रदेश के युवाओं को भर्ती कराने का झांसा देकर लाखों रुपये वसूल चुका है। फर्जी डीएसपी होने का दावा करने वाले युवक के पास से डीएसपी रैंक की वर्दी और पहचान पत्र बरामद हुआ है। आरोपी ने स्नातक तक पढ़ाई की है। मगर वह बेरोजगार था। इसके बाद ही फर्जी डीएसपी बन ठगी करने लगा। आरोपी माछीवाड़ा साहिब के छह युवकों को पंजाब पुलिस में कांस्टेबल के पद पर भर्ती के नाम पर करीब एक लाख रुपये वसूल चुका है। प्रत्येक युवक से तीन लाख रुपये प्रति उम्मीदवार की बातचीत तय हुई थी। यहां तक कि फर्जी नियुक्ति पत्र और पीएमटी स्लिप भी दी थी।
2 of 5
बरामद वर्दी और बूट।
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
खन्ना के एसपी (जांच) डॉ. प्रज्ञा जैन ने कहा कि गुरुवार सुबह लखविंदर सिंह निवासी माछीवाड़ा ने माछीवाड़ा थाने में आरोपी के खिलाफ शिकायत दर्ज करवाई थी। शिकायत में बताया कि उसे नौकरी की जरूरत थी तो वह अपने दोस्त राज सिंह से मिला। राज सिंह ने बताया कि खन्ना के सीआई स्टाफ में एक डीएसपी है, जिसका नाम दीपप्रीत सिंह है। वह पंजाब पुलिस में कांस्टेबल की नौकरी दिलवा सकता है। राज के कहने पर दीपप्रीत सिंह से मछीवाड़ा तहसील में मिला। वहां कुछ और लोग खड़े थे। यह लोग पंजाब पुलिस में भर्ती के लिए यहां पहुंचे थे।
3 of 5
आरोपी का फर्जी आईकार्ड।
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
इसके बाद दीपप्रीत सिंह ने अपना आईकार्ड भी दिखाया और कहा कि वह पंजाब पुलिस में कांस्टेबल की नौकरी दिला सकता है। इसके बाद वह लोग झांसे में आ गए। सभी छह लोग थे और सभी ने एडवांस में करीब उसे एक लाख रुपये दिया। यह मामला 19 जनवरी 2022 का है। इसके बाद अब तक कोई सूचना न मिलने पर उन्होंने आरोपी दीपप्रीत के खिलाफ थाना माछीवाडा में गुरुवार को मामला दर्ज दर्ज करवाया।
विज्ञापन
विज्ञापन
4 of 5
फर्जी आईकार्ड।
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
इसके बाद पुलिस हरकत में आई और शुक्रवार सुबह आरोपी नकली डीएसपी को उसके घर ही दबोचा लिया। उसके पास से डीएसपी रैंक की वर्दी, फर्जी पहचान पत्र और 10 हजार रुपये की नकदी मिली है। एसपी डॉ. जैन ने कहा कि जो भी इस मामले में शामिल होगा, उसे बख्शा नहीं जाएगा।
विज्ञापन
5 of 5
बरामद वर्दी।
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
इसकी गहनता से जांच की जा रही है। इसके साथ ही उन्होंने युवाओं से अपील की है कि भर्ती के संबंध में कोई भी जानकारी पंजाब पुलिस की आधिकारिक वेबसाइट से ही प्राप्त करें और किसी के बहकावे में न आएं। अगर कोई भर्ती का झांसा देता है तो पुलिस को सूचित करें। एसपी ने आगे कहा कि आरोपी युवक ने स्नातक तक की शिक्षा प्राप्त की है। लगता है बेरोजगारी के चक्कर में वह गलत काम करने लग गया। कानून को हाथ में लेने वालों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जा सकता है।
एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें
Next Article
Disclaimer
हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर और व्यक्तिगत अनुभव प्रदान कर सकें और लक्षित विज्ञापन पेश कर सकें। अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।