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GST लागू होने के बाद ये गलती कर दी तो पछताना पड़ेगा, जानिए कौन दायरे में नहीं

Sun, 21 May 2017 09:07 AM IST
amarujala.com- presented by: खुशबू गोयल
amarujala.com- presented by: खुशबू गोयल Updated Sun, 21 May 2017 09:07 AM IST
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be aware of doing tax fraud after implementation of gst, goods & services tax
जीएसटी ‌‌ब‌िल
एक जुलाई से जीएसटी लागू हो जाएगा, लेकिन इसके बाद अगर आपने ये एक काम किया तो पछताना पड़ सकता है। जानिए कौन इसके दायरे से बाहर है।
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जीएसटी
बता दें कि 20 लाख रुपये तक का कारोबार करने वाले दुकानदार जीएसटी के दायरे में नहीं आएंगे। वहीं फिलहाल तीर्थयात्रा, हेल्‍थकेयर, एजुकेशन और कौशल विकास समेत 60 सर्विसेज सर्विस टैक्‍स से बाहर हैं। हरियाणा में जीएसटी लागू होने के बाद व्यापारियों के लिए टैक्स चोरी आसान नहीं होगी। आबकारी एवं कराधान विभाग व्यापारियों के लेनदेन और सामान की खरीद-फरोख्त पर कड़ी नजर रखेगा।
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GST BILL
टैक्स चोरी करने या जानबूझकर गलत जानकारी देने पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। तथ्यों को छुपाना या कम टैक्स का भुगतान करना भी भारी पड़ेगा। विभाग मामला संज्ञान में आने पर व्यापारी को कारण बताओ नोटिस जारी करेगा। इसमें उसके खिलाफ धारा-50 के अधीन टैक्स चोरी की राशि का भुगतान ब्याज सहित करने के निर्देश दिए जाएंगे।
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जीएसटी
नोटिस के साथ ही भुगतान के लिए तीन महीने का समय दिया जाएगा। यदि किसी व्यापारी ने पूरा टैक्स भरा है तो वे कागजात विभाग के उच्च अधिकारियों के समक्ष प्रस्तुत कर सकता है। इसके अलावा उसके पास ये भी विकल्प रहेगा कि वे समन मिलने से पहले टैक्स चोरी की राशि को पंद्रह प्रतिशत की दर से जमा करा दे।
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GST BILL
व्यापारी सामान बिक्री का झूठा बिल देने पर नपेंगे। जीएसटी कानून में इसके लिए भी कड़ा प्रावधान किया गया है। बिना किसी माल बिक्री के झूठा बिल देने या कम सामान का बिल देने पर विभागीय कार्रवाई से बच नहीं पाएगा। अधिकारी मामला संज्ञान में आने के बाद इसके लिए व्यापारी पर दस हजार रुपये तक का जुर्माना लगा सकते हैं।
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