{"_id":"68b26c8bb6753e3eb1037b10","slug":"up-the-person-who-raised-the-issue-of-rahul-gandhi-s-citizenship-said-that-his-life-was-in-danger-the-court-2025-08-30","type":"story","status":"publish","title_hn":"यूपी: राहुल गांधी की नागरिकता का मुद्दा उठाने वाले ने खुद की जान को बताया खतरा, कोर्ट ने कहा- सुरक्षा दे सरकार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
यूपी: राहुल गांधी की नागरिकता का मुद्दा उठाने वाले ने खुद की जान को बताया खतरा, कोर्ट ने कहा- सुरक्षा दे सरकार
Sat, 30 Aug 2025 08:44 AM IST
रोहित मिश्र
अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ
अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ
Published by: रोहित मिश्र
Updated Sat, 30 Aug 2025 08:44 AM IST
सार
Rahul Gandhi citizenship: इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ खंडपीठ ने राहुल गांधी की नागरिकता का सवाल उठाने वाले याची को सुरक्षा देने का आदेश दिया है।
विज्ञापन
राहुल गांधी, नेता, कांग्रेस
- फोटो : ANI
विस्तार
हाईकोर्ट की लखनऊ पीठ ने केंद्र सरकार को आदेश दिया है कि कांग्रेस नेता राहुल गांधी की नागरिकता के मुद्दे को उठाने वाले कर्नाटक के एस विग्नेश शिशिर को केंद्रीय सशत्र पुलिस बलों के निजी सुरक्षा अफसर की हर समय की सुरक्षा प्रदान की जाए। साथ ही केंद्र समेत अन्य पक्षकारों को निर्देश दिया कि 9 अक्तूबर तक याची के उस प्रत्यावेदन पर लिए गए निर्णय के साथ जवाबी हलफनामा दाखिल करें, जिसे प्रधानमंत्री कार्यालय से केंद्रीय गृह मंत्रालय को भेजा गया था।
विज्ञापन
न्यायमूर्ति संगीता चंद्रा और न्यायमूर्ति बृजराज सिंह की खंडपीठ ने यह आदेश एस विग्नेश शिशिर की याचिका पर दिया। याची का कहना था कि उसने राहुल गांधी की कथित ब्रिटिश नागरिकता के मुद्दे पर हाईकोर्ट में याचिकाएं दाखिल की थीं। इसके अलावा देश में कई जगह मुकदमों की कार्यवाही में उसे पेश होना पड़ता है। राहुल और प्रियंका गांधी के खिलाफ कानूनी लड़ाई लड़ने से उसे धमकियां मिल रहीं हैं और कई बार उस पर हमला भी हुआ। ऐसे में उसने वाई प्लस सुरक्षा मुहैया कराने के निर्देश केंद्रीय गृहमंत्रालय को देने का आग्रह किया था।
विज्ञापन
उधर, केंद्र की ओर से पेश डिप्टी सॉलिसिटर जनरल एसबी पांडेय ने कोर्ट को बताया कि गवाहों की सुरक्षा की एक योजना है और चूंकि, याची को धमकियां मिली हैं, ऐसे में अदालत याची को अपना मुकदमा लड़ने के लिए सुरक्षा मुहैया कराने का आदेश दे सकती है। सुनवाई के बाद कोर्ट ने अंतरिम रूप से केंद्र को निर्देश दिया कि याची को केंद्रीय सशत्र पुलिस बलों के निजी सुरक्षा अफसर की हर समय की सुरक्षा प्रदान करे।
विज्ञापन