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यूपी : परिवहन आयुक्त का तुगलकी फरमान, 320 प्राइवेट कर्मियों को कर दिया बेरोजगार; जानें पूरा मामला...
Sat, 22 Nov 2025 09:11 AM IST
आकाश द्विवेदी
अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ
अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ
Published by: आकाश द्विवेदी
Updated Sat, 22 Nov 2025 09:11 AM IST
सार
परिवहन आयुक्त ने आरटीओ द्वारा लगाए गए भ्रष्टाचार के आरोपों के आधार पर प्रदेश के 320 प्राइवेट कर्मचारियों को हटाने की प्रक्रिया पर मुहर लगा दी है। नई कार्यदायी संस्थाओं को निर्देश दिए गए हैं कि पुराने कर्मचारियों को रखने पर उनका जिला बदला जाए और पुलिस वेरिफिकेशन अनिवार्य हो।
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प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : सोशल मीडिया
विस्तार
ट्रांसपोर्टनगर आरटीओ सहित प्रदेश के सभी आरटीओ, एआरटीओ 320 प्राइवेट कर्मचारियों को बाहर करने की तैयारी पर शुक्रवार को परिवहन आयुक्त ने मुहर लगा दी है। उन्होंने आदेश जारी कर परिवहन विभाग में कार्यदायी संस्था को इस बाबत निर्देशित किया है।
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संस्था को चेताया है कि पुराने कर्मचारियों पर भ्रष्टाचार के आरोप हैं। रिवहन विभाग में डीएल प्रिंटिंग से लेकर जुड़े अन्य कार्यों की जिम्मेदारी निजी संस्था के पास है। लखनऊ में 28 सही प्रदेशभर में 320 कर्मचारी इन कामों को संभाल रहे हैं। हाल ही में ट्रांसपोर्टनगर आरटीओ संजय तिवारी ने परिवहन आयुक्त किंजल सिंह को पत्र लिखकर इन कर्मचारियों को हटाने का अनुरोध किया था।
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उनका आरोप था कि इन कर्मचारियों की दलालों से मिलीभगत है। लेकिन, कर्मचारियों ने इन आरोपों को एकसिरे से खारिज कर दिया था। बावजूद इसके बगैर किसी जांच के परिवहन आयुक्त किंजल सिंह ने शुक्रवार को आदेश जारी कर कर्मचारियों को अप्रत्यक्ष रूप से बाहर करने का मन बना लिया है। उन्होंने सभी नई कार्यदायी संस्थाओं को पत्र लिखा है।
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इसमें उन्होंने आरटीओ संजय कुमार तिवारी के लगाये गए आरोपों ही शामिल करते हुए इन कर्मचारियों को भ्रष्टाचार करने और विभाग की छवि धूमिल करने की बात कही है। निर्देश दिया है कि पूर्व कार्यदायी संस्था(स्मार्ट चिप) के किसी कर्मचारी को नई कार्यदायी संस्था रखती है तो वह यह सुनिश्चित करें कि उसका जिला बदल दिया जाए। साथ ही कर्मचारियों ने जहां-जहां काम लिया है,वहां के एआरटीओ से कर्मचारियों की कार्यशैली पर आख्या भी जरूर ले।
इसके अलावा इन कर्मचारियों का पुलिस वेरिफिकेशन जरूर कराएं। हालांकि सवाल यह उठता है कि महज पांच से छह हजार रुपये तनख्वाह पाने वाले कर्मचारी जिला बदलने पर काम कैसे करेंगे। अफसर उनकी आख्या क्यों ही देंगे। फिलहाल कर्मचारी सोमवार को परिवहन आयुक्त किंजल सिंह से मुलाकात कर अपनी बात रखेंगे।