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बिजली का अधिशासी अभियंता सेवा से बर्खास्त, आय से अधिक 46.51 फीसदी संपत्ति में था दोषी
Wed, 17 Feb 2021 07:12 PM IST
पंकज श्रीवास्तव
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
Published by: पंकज श्रीवास्तव
Updated Wed, 17 Feb 2021 07:12 PM IST
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प्रतीकात्मक तस्वीर
यूपी पॉवर कॉर्पोरेशन ने लंबे अरसे के बाद भ्रष्टाचार पर अधिशासी अभियंता को सेवा से बर्खास्त कर दिया है। यह अभियंता आय से अधिक संपत्ति जुटाने में दोषी पाया गया है। इस मामले की जांच अपर पुलिस महानिदेशक (सतर्कता) के द्वारा कराई गई थी, जिसकी जांच रिपोर्ट पर कॉर्पोरेशन के अध्यक्ष सह प्रबंध निदेशक एम देवराज ने 15 फरवरी को बर्खास्तगी का आदेश जारी किया, जिसकी पुष्टि प्रवक्ता अखिलेश कुमार सिंह ने की।
सतर्कता इकाई को इस मामले की जांच करने में लगभग दस साल का समय लगा। अध्यक्ष सह प्रबंध निदेशक के द्वारा जारी आदेश में कहा गया कि ओम प्रकाश अधिशासी अभियंता संबद्ध मुख्य अभियंता वितरण दक्षिणांचल आगरा के खिलाफ 26 जुलाई 2010 को शशांक चौधरी के द्वारा आय से अधिक संपत्ति के मामले की उस वक्त शिकायत की गई थी, जब ओम प्रकाश सहायक अभियंता (भंडार) हापुड़ के पद पर कार्यरत थे।
सतर्कता इकाई ने इस मामले की जांच पुलिस उपाधीक्षक मोहिनी पाठक, इंसपेक्टर अजय सिंह के द्वारा कराई थी। जांच में पाया गया कि ओम प्रकाश के द्वारा 22 अक्टूबर 1989 से 31 मार्च 2009 तक कुल 26,92,153 लाख रुपये की आय की। जबकि इसी अवधि में 50,53,901 रुपये व्यय किया गया। जांच में पत्नी के नाम से भूखंड एवं कृषि योग्य भूमि खरीदने की पुष्टि हुई। ओम प्रकाश के पास आय से अधिक 46.51 फीसदी संपत्ति है। पॉवर कॉर्पोरेशन की तरफ से ओम प्रकाश को नोटिस देकर सफाई का पूरा मौका भी दिया गया। आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने में ओम प्रकाश दोषी पाए गये तो प्रबंधन ने उनको बाहर का रास्ता दिखा दिया।
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सतर्कता इकाई को इस मामले की जांच करने में लगभग दस साल का समय लगा। अध्यक्ष सह प्रबंध निदेशक के द्वारा जारी आदेश में कहा गया कि ओम प्रकाश अधिशासी अभियंता संबद्ध मुख्य अभियंता वितरण दक्षिणांचल आगरा के खिलाफ 26 जुलाई 2010 को शशांक चौधरी के द्वारा आय से अधिक संपत्ति के मामले की उस वक्त शिकायत की गई थी, जब ओम प्रकाश सहायक अभियंता (भंडार) हापुड़ के पद पर कार्यरत थे।
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सतर्कता इकाई ने इस मामले की जांच पुलिस उपाधीक्षक मोहिनी पाठक, इंसपेक्टर अजय सिंह के द्वारा कराई थी। जांच में पाया गया कि ओम प्रकाश के द्वारा 22 अक्टूबर 1989 से 31 मार्च 2009 तक कुल 26,92,153 लाख रुपये की आय की। जबकि इसी अवधि में 50,53,901 रुपये व्यय किया गया। जांच में पत्नी के नाम से भूखंड एवं कृषि योग्य भूमि खरीदने की पुष्टि हुई। ओम प्रकाश के पास आय से अधिक 46.51 फीसदी संपत्ति है। पॉवर कॉर्पोरेशन की तरफ से ओम प्रकाश को नोटिस देकर सफाई का पूरा मौका भी दिया गया। आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने में ओम प्रकाश दोषी पाए गये तो प्रबंधन ने उनको बाहर का रास्ता दिखा दिया।
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