{"_id":"602e646d7bf6ef14313389ce","slug":"direct-recruitment-of-clerks-will-be-done-in-80-percent-posts-in-iti-20-percent-seats-will-be-filled-by-giving-promotion-to-employees","type":"story","status":"publish","title_hn":"आईटीआई में 80 प्रतिशत पदों पर होगी लिपिकों की सीधी भर्ती, कर्मचारियों को प्रोन्नति देकर भरी जाएंगी 20 प्रतिशत सीट","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
आईटीआई में 80 प्रतिशत पदों पर होगी लिपिकों की सीधी भर्ती, कर्मचारियों को प्रोन्नति देकर भरी जाएंगी 20 प्रतिशत सीट
Thu, 18 Feb 2021 06:28 PM IST
पंकज श्रीवास्तव
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
Published by: पंकज श्रीवास्तव
Updated Thu, 18 Feb 2021 06:28 PM IST
विज्ञापन
iti
- फोटो : अमर उजाला
व्यावसायिक शिक्षा विभाग में अब 80 प्रतिशत सीटों पर ही सीधी भर्ती की जाएगी। शेष 20 प्रतिशत सीट प्रमोशन से भरे जाएंगे। व्यावसायिक शिक्षा विभाग ने लिपिकीय संवर्ग सेवा की विसंगतियों को दूर करने के लिए संवर्ग के ढांचे का पुनर्गठन करने का प्रस्ताव तैयार किया है। नये सिरे से ढांचे के पुनर्गठन का सबसे अधिक फायदा समूह ‘घ’ के उन कर्मचारियों को मिलेगा, जो काफी दिनों से लिपिक पद पर प्रोन्नति का इंजतार कर रहे थे। सरकार के इस फैसले से लिपिक संवर्ग के पदों पर भर्ती के भी रास्ते खुलेंगे।
ढांचा पुनर्गठन के बाद कनिष्ठ लिपिक जहां कनिष्ठ सहायक के नाम से जाने जाएंगे, वहीं वरिष्ठ लिपिकों का पद नाम वरिष्ठ सहायक हो जाएगा। पदनाम बदलने के साथ ही इनके वेतन बैंड में वृद्धि की गई है। व्यावसायिक शिक्षा परिषद के लिपिकीय संवर्ग सेवा के पदों के निर्धारण में कई तरह की विसंगतिया थी और सभी पद सीधी भर्ती के थे। इस वजह से समूह ‘घ’ के कर्मचारियों को लिपिकीय संवर्ग के पदों पर प्रोन्नति नहीं हो पा रही थी। इसलिए समूह ‘घ’ के कर्मचारी भी काफी दिनों से संवर्ग के पुनर्गठन की मांग कर रहे थे।
इससे पहले की व्यवस्था में लिपिकीय संवर्ग सेवा के सभी पद सीधी भर्ती के जरिये भरे जाते थे, इस वजह से समूह ‘घ’ के कर्मचारियों को लिपिक के पदों पर नियुक्ति नहीं हो पाती थी। इसके मद्देनजर ही सरकार ने इस संवर्ग में सीधी भर्ती के पदों की संख्या को 100 से घटाकर 80 फीसदी करने जा रही है। जबकि 20 प्रतिशत पदों को प्रोन्नति से भरने की व्यवस्था की जा रही है।
विज्ञापन
पदनाम के साथ बदलेगा वेतन बैंड
नये सिरे से पुनर्गठन के बाद परिषद के वरिष्ठ लिपिक का नाम वरिष्ठ सहायक हो जाएगा और इस पद को प्रोन्नति से भरा जाएगा। इस पद केलिए तय वेतन बैंड 2400 को बढ़ाकर 2800 और पद संख्या भी 3 से 5 हो जाएगा। इसी तरह कनिष्ठ लिपिक को भी कनिष्ठ सहायक का पदनाम दिया गया है और इनका वेतन बैंड भी 1900 से बढ़ाकर 2000 व पदों की संख्या भी 12 से बढ़ाकर 15 कर दिया गया है। इनके अलावा वरिष्ठ सहायक के स्थान पर प्रधान सहायक होंगे और उनका वेतन बैंड भी 2800 के स्थान पर 4200 होगा। वरिष्ठ गोपनीय सहायक का पदनाम समाप्त हो जाएगा। जबकि कार्यालय अधीक्षक ग्रेड-2 के पद को प्रशासनिक अधिकारी का पदनाम दिया गया है और इसके लिए 4200 के स्थान पर 4600 वेतन बैंड निर्धारित किया गया है।
विज्ञापन
ढांचा पुनर्गठन के बाद कनिष्ठ लिपिक जहां कनिष्ठ सहायक के नाम से जाने जाएंगे, वहीं वरिष्ठ लिपिकों का पद नाम वरिष्ठ सहायक हो जाएगा। पदनाम बदलने के साथ ही इनके वेतन बैंड में वृद्धि की गई है। व्यावसायिक शिक्षा परिषद के लिपिकीय संवर्ग सेवा के पदों के निर्धारण में कई तरह की विसंगतिया थी और सभी पद सीधी भर्ती के थे। इस वजह से समूह ‘घ’ के कर्मचारियों को लिपिकीय संवर्ग के पदों पर प्रोन्नति नहीं हो पा रही थी। इसलिए समूह ‘घ’ के कर्मचारी भी काफी दिनों से संवर्ग के पुनर्गठन की मांग कर रहे थे।
विज्ञापन
इससे पहले की व्यवस्था में लिपिकीय संवर्ग सेवा के सभी पद सीधी भर्ती के जरिये भरे जाते थे, इस वजह से समूह ‘घ’ के कर्मचारियों को लिपिक के पदों पर नियुक्ति नहीं हो पाती थी। इसके मद्देनजर ही सरकार ने इस संवर्ग में सीधी भर्ती के पदों की संख्या को 100 से घटाकर 80 फीसदी करने जा रही है। जबकि 20 प्रतिशत पदों को प्रोन्नति से भरने की व्यवस्था की जा रही है।
विज्ञापन
पदनाम के साथ बदलेगा वेतन बैंड
नये सिरे से पुनर्गठन के बाद परिषद के वरिष्ठ लिपिक का नाम वरिष्ठ सहायक हो जाएगा और इस पद को प्रोन्नति से भरा जाएगा। इस पद केलिए तय वेतन बैंड 2400 को बढ़ाकर 2800 और पद संख्या भी 3 से 5 हो जाएगा। इसी तरह कनिष्ठ लिपिक को भी कनिष्ठ सहायक का पदनाम दिया गया है और इनका वेतन बैंड भी 1900 से बढ़ाकर 2000 व पदों की संख्या भी 12 से बढ़ाकर 15 कर दिया गया है। इनके अलावा वरिष्ठ सहायक के स्थान पर प्रधान सहायक होंगे और उनका वेतन बैंड भी 2800 के स्थान पर 4200 होगा। वरिष्ठ गोपनीय सहायक का पदनाम समाप्त हो जाएगा। जबकि कार्यालय अधीक्षक ग्रेड-2 के पद को प्रशासनिक अधिकारी का पदनाम दिया गया है और इसके लिए 4200 के स्थान पर 4600 वेतन बैंड निर्धारित किया गया है।