एटीएम लूटः शहर की सभी CBZ बाइक निशाने पर
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डालीगंज इलाके में एचडीएफसी बैंक के एटीएम बूथ पर तीन लोगों की दिनदहाड़े गोली मारकर हत्या और 50.50 लाख रुपयों से भरा बैग लूटकर भागे दुस्साहसी बदमाशों का दस दिन बाद भी कोई सुराग नहीं लगा है। पुलिस की 18 टीमें तलाश में जुटी हैं।
धुंधले फुटेज, पांच खोखे और खाली बॉक्स के अलावा कुछ भी हाथ नहीं लगा है। सर्विलांस व अन्य तरीके नाकाम साबित होने पर ऑपरेशन बाइक शुरू किया गया है। फुटेज में नजर आई बाइक की तहकीकात चल रही है।
सनसनीखेज वारदात के चंद घंटों बाद एसएसपी ने फुटेज के आधार पर लुटेरों को जल्द पकड़ने का दावा किया था, लेकिन 18 टीमें दस दिन बाद भी लुटेरों की हवा तक नहीं पा सकी हैं। सीसीटीवी कैमरों के फुटेज में लुटेरे नजर तो आए लेकिन न तो उन्हें और न ही उनकी बाइक पहचान में आई।
शुरू हुआ ऑपरेशन बाइक
मौके से मिले पिस्टल के पांच खोखे और क्रिश्चियन कॉलेज की रीड हॉल परिसर में मिले खाली बॉक्स के अलावा कुछ भी हाथ नहीं आया है। नाकामी को लेकर फजीहत होते देख पुलिस ने ऑपरेशन बाइक शुरू किया है।
सभी थानेदार अपने इलाके की काली सीबीजेड बाइक की छानबीन में जुटे हैं। मोहनलालगंज पुलिस ने 18 संदिग्ध बाइक कब्जे में लेने के साथ उनके मालिकों से 27 फरवरी का ब्यौरा तलब किया है। पूछा जा रहा है कि बाइक लेकर कहां गए थे या फिर किसी ने बाइक मांगी थी। वजीरगंज व हसनगंज थाना क्षेत्र में भी सात मोटरसाइकिलों की तहकीकात चल रही है।
ट्रिपल मर्डर व लूट के बाद पुलिस अफसरों ने फुटेज व इलाके के लोगों से तहकीकात के आधार पर अंदाजा लगाया था कि बदमाश डालीगंज या आसपास के इलाके में किराए पर रह रहे थे और वारदात अंजाम देकर भाग निकले। इसके चलते इलाके में ऑपरेशन सर्च चलाया गया।
हॉस्टल के स्टूडेंट्स भी पुलिस के निशाने पर
पुलिस की दो टीमें लखनऊ विश्वविद्यालय के छात्रावासों पर नजर रखने के साथ छानबीन में जुटी रहीं। सूत्रों का कहना है कि वजीरगंज इलाके में क्रिश्चियन कॉलेज के रीड हॉल परिसर स्थित खंडहरनुमा कमरे से खाली बॉक्स मिलने के बाद पुलिस ने नई थ्योरी तैयार करनी शुरू की है।
अब सीरियल किलर सलीम गैंग के शूटरों के साथ शहर के विभिन्न स्थानों पर रहने वाले दुस्साहसी अपराधियों का ब्यौरा जुटाया जा रहा है। क्राइम ब्रांच की टीम रिवर बैंक कॉलोनी व आसपास के इलाके में छानबीन कर रही है।
विभिन्न स्थानों पर लगे सीसीटीवी कैमरों का पता लगाकर 27 फरवरी को दोपहर 12: 30 से एक बजे तक के फुटेज एकत्र किए जा रहे हैं। अफसरों का मानना है कि वारदात अंजाम देकर भागे बदमाशों ने डालीगंज पुल से रिवर बैंक कॉलोनी होकर बलरामपुर अस्पताल के मेन गेट के सामने से क्रिश्चियन कॉलेज का रास्ता तय किया था।
खंडहर में मौजूद थे लुटेरों के साथी
खूनी लुटेरे पूरी तैयारी से वारदात अंजाम देने निकले थे। सधे अंदाज में तीन लोगों की हत्या व 50.50 लाख रुपयों से भरा बॉक्स लूटा। सीसीटीवी फुटेज में नजर आए लुटेरों में बाइक चलाने वाले ने चेहरे को रुमाल से छुपा रखा था।
पिछली सीट पर बैठे बदमाश के सिर पर हेलमेट और पीठ पर बैग टंगा था। उन्हें मालूम था कि बॉक्स उनके लिए खतरा बन सकता है। इसके चलते उन्होंने सुरक्षित स्थान पर पहुंचकर बॉक्स खाली किया और नोट अपने बैग में ठूंसकर फरार हुए।
सीसीटीवी फुटेज में भले ही दो बदमाश वारदात अंजाम देकर भागते नजर आए हों, लेकिन वारदात में कम से कम चार बदमाशों के शामिल होने का संदेह है। माना जा रहा है कि दो बदमाश क्रिश्चियन कॉलेज के रीड हॉल परिसर से लेकर बलरामपुर अस्पताल के सामने वाली सड़क तक का जायजा ले रहे थे।
वारदात अंजाम देकर आए लुटेरों के लिए सुरक्षित माहौल बना रखा था। खंडहरनुमा कमरे में बॉक्स खाली करके नोटों के बंडल बैग में ठूंसे और फरार हो गए।