रेप पीड़िता को थाने से भगाया, मुंशी व इंस्पेक्टर नप गए
तमाम निर्देशों-आदेशों के बावजूद दुष्कर्म पीड़िताओं के प्रति पुलिस का रवैया नहीं बदल रहा है। ताजा मामला वजीरगंज थाने का है। जहां केस दर्ज कराने पहुंची नाबालिग रेप पीड़िता और उसकी मां को पुलिस ने थाने से भगा दिया। रिपोर्ट दर्ज करना तो दूर, उनसे दुर्व्यवहार तक किया गया।
थाने के मुंशी ने तो पीड़िता को झूठा ठहरा दिया। पुलिस की शर्मनाक करतूत सोशल मीडिया पर वायरल हुई, तो एसएसपी मंजिल सैनी ने मुंशी अनवर को निलंबित और इंस्पेक्टर महंथ यादव को लाइन हाजिर कर दिया।
दुष्कर्म व पॉक्सो एक्ट के तहत केस दर्ज करके आरोपी की तलाश की जा रही है। मामले की जांच एएसपी को सौंपी गई है।
एसएसपी ने बताया कि वजीरगंज थाना क्षेत्र के एक मोहल्ले में रहने वाली आठवीं की छात्रा बृहस्पतिवार दोपहर 12 बजे रकाबगंज निवासी अपनी सहेली से किताब लेने के लिए घर से निकली। आरोप है कि रास्ते में मोहल्ले का ही सनी नामक युवक उसे मिला।
उसने पानी में नशीला पदार्थ मिलाकर उसे पिला दिया। उससे अज्ञात स्थान पर दुष्कर्म किया। बच्ची किसी तरह घर पहुंची और मां को आपबीती सुनाई। इस पर महिला बेटी को साथ लेकर रिपोर्ट दर्ज कराने वजीरगंज थाने पहुंची।
मुंशी बोला-कुछ नहीं हुआ, पड़ोसी के साथ घूमकर लौटी है
ड्यूटी पर मौजूद मुंशी अनवर ने केस दर्ज करने के बजाय पीड़िता को झूठी कहते हुए फटकार लगाई। उसने कहा-पड़ोसी के साथ घूम-फिर कर लौटी है। इसके साथ कुछ नहीं हुआ। इतना ही नहीं उसने पीड़िता की मां को बेटी पर नजर रखने की नसीहत दी और भगा दिया।
बड़ा सवाल : क्या इतने निरंकुश हो गए मातहत या फिर कुछ और?
बताया जा रहा है कि मुंशी ने थाने में मौजूद इंस्पेक्टर महंथ यादव को मामले की जानकारी नहीं दी। पर, इस बात को अगर सही भी मान लें तो मां-बेटी शुक्रवार दोपहर थाने जाकर इंस्पेक्टर महंथ यादव से कार्रवाई की मांग की थी।
इसके बावजूद एसएसपी की फटकार के बाद शुक्रवार रात मामला दर्ज किया गया। यह रवैया साफ इशारा करता है कि वजीरगंज पुलिस मामले को ठंडे बस्ते में डालने की कोशिश कर रही थी। सवाल यह भी उठता है कि संगीन मामलों को भी कैसे मुंशी अपने स्तर से टरका रहा था?
एसएसपी की सख्ती पर हरकत में आई पुलिस
बहरहाल मामला सामने आने पर एसएसपी ने सीओ चौक राधेश्याम राय को वजीरगंज थाने भेजकर घटना की जानकारी ली। जांच में पाया गया कि इंस्पेक्टर की लापरवाही के चलते मुंशी निरंकुश हो चला था। संगीन मामलों में अपने स्तर से निर्णय लेकर पीड़ित को टरका देता। इस पर इंस्पेक्टर को लाइन हाजिर करने के आदेश जारी किए। एसएसपी की सख्ती पर हरकत में आई पुलिस ने शनिवार को पीड़िता को मेडिकल के लिए अस्पताल भेजा और आरोपी की तलाश शुरू की।
पत्नी से नाता तोड़े था आरोपी
वजीरगंज थाने व क्राइम ब्रांच की टीम ने आरोपी सनी की तलाश में संभावित ठिकानों पर दबिश दी। उसके भाई व बहनोई को हिरासत में लेकर पूछताछ के साथ कॉल डिटेल खंगालना शुरू किया। पता चला कि बहराइच के मूल निवासी सनी ने अपनी पत्नी से नाता तोड़ रखा है। पत्नी मायके में रहती है और सनी अपने पिता जियाउद्दीन व परिवारीजनों के साथ वजीरगंज इलाके में रह रहा था।
जांच के बाद होगी विभागीय कार्रवाई
थाने से भगाने, दूसरे दिन भी तहरीर मिलने के कई घंटे बाद केस दर्ज करने, पीड़िता को तीसरे दिन डॉक्टरी मुआयने के लिए भेजने में इंस्पेक्टर महंथ यादव व अन्य पुलिसकर्मियों की लापरवाही की जांच एएसपी सिटी पश्चिम सर्वेश कुमार मिश्रा को सौंपी गई है। एसएसपी ने बताया कि जांच रिपोर्ट के आधार पर विभागीय कार्रवाई की जाएगी।