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यूपी: आंगनबाड़ी केंद्रों पर बच्चों को फिर मिलेगा गर्म भोजन, विभाग ने तैयार किया प्रस्ताव
Tue, 10 Oct 2023 10:54 AM IST
ishwar ashish
अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ
अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ
Published by: ishwar ashish
Updated Tue, 10 Oct 2023 10:54 AM IST
सार
बाल विकास सेवा एवं पुष्टाहार विभाग ने प्रस्ताव तैयार किया है। इसके तहत आंगनबाड़ी केंद्रों पर बच्चों को फिर से गर्म भोजन दिया जाएगा। इस योजना से तीन से छह वर्ष तक एक करोड़ से अधिक बच्चों को लाभ मिलेगा।
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प्रतीकात्मक तस्वीर।
- फोटो : iStock
विस्तार
सपा सरकार में बंद हो चुकी गर्म भोजन योजना (हॉट कुक्ड मील) को योगी सरकार सात साल बाद फिर शुरू करने की तैयारी कर रही है। बाल विकास सेवा एवं पुष्टाहार विभाग के इस प्रस्ताव को जल्द ही कैबिनेट से मंजूरी दिलाई जाएगी। सरकार के इस फैसले से तीन से छह वर्ष तक एक करोड़ से अधिक बच्चों को लाभ मिलेगा।
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खाद्य सुरक्षा कानून के मुताबिक, साल में कम से कम 300 दिन तीन से छह वर्ष के बच्चों को गर्म भोजन बांटना अनिवार्य है , लेकिन यूपी में योजना 2016 से बंद हैं। इस संबंध में सुप्रीम कोर्ट और राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग के नाराजगी जताने पर केंद्र ने प्रदेश सरकार को पत्र लिखा था। इसमें कहा गया कि यूपी ही देश का एक मात्र राज्य है जहां लाभार्थी गर्म भोजन से वंचित हैं।
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इस पर मुख्यमंत्री कार्यालय ने विभाग से जवाब मांगा तो इसे शुरू करने के लिए दोबारा प्रस्ताव तैयार किया गया। दरअसल, बच्चों में कुपोषण दूर करने के लिए 2006 में शुरू हुई इस योजना के तहत 187997 आंगनबाड़ी केंद्रों पर गर्म भोजन देना था।
व्यवस्था बदली, पर नहीं चल पाई योजना
दिसंबर-2018 में योजना के क्रियान्वयन में बदलाव करते हुए इसे प्राथमिक विद्यालयों के मध्यान्ह भोजन योजना (मीड डे मील) के साथ संबद्ध करना था। प्राथमिक विद्यालयों के रसोई घर में भोजन बनाने के बदले बेसिक शिक्षा विभाग को प्रति बच्चा 50 पैसे की दर से भुगतान करना था, लेकिन योजना आगे नहीं बढ़ सकी।