फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lucknow News ›   aktu going to start new course

एपीजे कलाम प्राविधिक विश्वविद्यालय पानी और एकेटीयू पानी व कूड़ा प्रबंधन पर शुरू करेगा कोर्स

Sat, 27 Aug 2022 02:09 AM IST
Lucknow Bureau लखनऊ ब्यूरो
Updated Sat, 27 Aug 2022 02:09 AM IST
विज्ञापन
aktu going to start new course
लखनऊ। डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम प्राविधिक विश्वविद्यालय (एकेटीयू) अपने यहां वाटर एंड वेस्ट मैनेजमेंट पर कोर्स शुरू करेगा। इसके लिए विश्वविद्यालय में सेंटर फॉर एक्सीलेंस की स्थापना की जाएगी। कुलपति प्रो. प्रदीप कुमार मिश्र ने शुक्रवार को प्रेसवार्ता में यह जानकारी दी। उन्होंने कहा कि आज नदी व तालाबों की स्थिति बहुत खराब है। ग्राउंड वाटर रिचार्ज कम हो रहा है। इसके लिए काम करेंगे।
विज्ञापन

प्रो. मिश्रा ने कहा कि इस सेंटर के तहत पानी व कूड़ा प्रबंधन पर आधारित उद्यम की शुरुआत करेंगे। मास्टर व वोकेशनल कोर्सों की शुरुआत की जाएगी। उन्होंने बताया कि नई शिक्षा नीति का मकसद है कि विद्यार्थी सिर्फ डिग्री लेकर नौकरी की तलाश न करें बल्कि अपने ज्ञान का उपयोग कर खुद उद्यमी बनें। इसी को ध्यान में रखते यह सेंटर ऑफ एक्सीलेंस काम करेगा। हम स्किल आधारित शिक्षा पर काम कर रहे हैं।
विज्ञापन

उन्होंने बताया कि विवि ने सरकार से एक-दो गोबर गैस गोशालाएं देने का अनुरोध किया है, जिससे उन्नत तकनीक का प्रयोग कर उसे तैयार किया जाए। प्रो. मिश्र ने बताया कि विवि का इनोवेशन हब पूरे प्रदेश में इनोवेशन और स्टार्टअप के लिए काम कर रहा है। फिलहाल प्रदेश के 15 इंजीनियरिंग कॉलेजों में इनक्यूबेटर बनाने की शुरुआत हो गई है।
विज्ञापन
विज्ञापन

वहीं, प्राइवेट कॉलेजों में 148 स्टार्टअप को आगे बढ़ाने का काम इनोवेशन हब की ओर से किया जा रहा है। साल में 100 स्टार्टअप तैयार करने का लक्ष्य है। नये आइडिया के लिए सिर्फ विश्वविद्यालय के छात्र ही नहीं बल्कि समाज के जो लोग कुछ नया कर रहे हैं उन्हें प्रोत्साहन और मदद की जाएगी। विवि में ट्रेनिंग और प्लेसमेंट के लिए एलुमिनाई को जोड़ा जा रहा है। प्रेसवार्ता में रजिस्ट्रार सचिन सिंह, वित्त अधिकारी जीपी सिंह, परीक्षा नियंत्रक प्रो. अनुराग त्रिपाठी भी मौजूद रहे।
इंस्टीट्यूट ऑफ फॉर्मेसी एंड बायोइंजीनियरिंग भी
प्रो. मिश्रा ने बताया कि विश्वविद्यालय इंटरनेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ फॉर्मेसी एंड बायोइंजीनियरिंग को भी स्थापित करेगा। इससे प्रदेश में फॉर्मेसी के कई अवसर उपलब्ध होंगे। उन्होंने बताया कि नई शिक्षा नीति के तहत उन छात्रों को सहूलियत दी जाएगी जो कई सालों से एक ही विषय में फेल हो रहे हैं। ऐसे छात्रों के लिए कुछ विशेष समाजोन्मुखी विषय रहेंगे जिन्हें वह पढ़कर डिग्री पूरी कर सकेंगे।

अक्तूबर तक नैक का आवेदन
प्रो. मिश्रा ने कहा कि राज्यपाल आनंदीबेन पटेल के मार्गदर्शन में नैक की तैयारी तेजी से चल रही है। हम अक्तूबर तक अपनी एसएआर सब्मिट कर देंगे। प्रतिदिन इसकी बैठक कर तैयारियों को अंतिम रूप दिया जा रहा है। प्रमुख चुनौती डेटा कलेक्शन की है। उन्होंने दावा किया कि एकेटीयू भी एप्लस प्लस लाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed