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वंदे भारत: रेल प्रोजेक्ट की सफलता पर भावुक हुए उमर अब्दुल्ला बोले- राज्य का सपना अब मोदी के हाथों ही पूरा होगा
Fri, 06 Jun 2025 02:26 PM IST
निकिता गुप्ता
अमर उजाला, नेटवर्क जम्मू
अमर उजाला, नेटवर्क जम्मू
Published by: निकिता गुप्ता
Updated Fri, 06 Jun 2025 02:26 PM IST
सार
मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने रेलवे परियोजनाओं के उद्घाटन पर प्रधानमंत्री मोदी के साथ मंच साझा करते हुए कहा कि उन्हें उम्मीद है, जम्मू-कश्मीर को राज्य का दर्जा फिर से मोदी के हाथों ही मिलेगा।
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चिनाब ब्रिज
- फोटो : pti
विस्तार
जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने शुक्रवार को कहा कि उन्हें गर्व है कि राज्य की सभी बड़ी रेलवे परियोजनाओं के उद्घाटन में उन्हें प्रधानमंत्री के साथ शामिल होने का सौभाग्य मिला। उन्होंने भावुक अंदाज में कहा कि भले ही राजनीतिक परिस्थितियों के चलते उनका पद मुख्यमंत्री से घटकर केंद्र शासित प्रदेश के सीएम जैसा हो गया, लेकिन उम्मीद है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के हाथों ही जम्मू-कश्मीर को फिर से राज्य का दर्जा मिलेगा।
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उमर अब्दुल्ला ने याद करते हुए कहा कि सबसे पहले जब अनंतनाग रेलवे स्टेशन का उद्घाटन हुआ, फिर बनिहाल रेलवे सुरंग और 2014 में कटरा रेलवे स्टेशन का उद्घाटन किया गया। इन सभी अवसरों पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, तत्कालीन रेल राज्य मंत्री मनोज सिन्हा, मैं और अन्य प्रमुख लोग साथ मौजूद थे। आज भी वही चार लोग इस मंच पर एक बार फिर मौजूद हैं।
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अंग्रेजों की अधूरी योजना आज साकार हुई
उन्होंने कहा कि मुझे गर्व है कि आज जिस रेल संपर्क का सपना अंग्रेजों ने देखा था। झेलम नदी के किनारे रेल लाइन बिछाने का वह सपना भी प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में पूरा हुआ। अंग्रेजों की अधूरी योजना आज साकार हुई है।
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पूर्व मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी को भी याद करते हुए कहा कि इस प्रोजेक्ट की नींव 1983-84 में रखी गई थी। उस वक्त वह आठवीं क्लास में पढ़ते थे। अब उनकी उम्र 55 हो चुकी है और उनके बच्चे भी कॉलेज पास कर चुके हैं। तब जाकर यह ऐतिहासिक रेल प्रोजेक्ट पूरा हुआ। यह तभी संभव हुआ जब बीजेपी सरकार ने इसे प्रोजेक्ट ऑफ नेशनल इंपोर्टेंस घोषित कर विशेष बजट का प्रावधान किया।
उन्होंने कहा कि इस प्रोजेक्ट के पूरा होने से जम्मू-कश्मीर में पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा, लोगों का आना-जाना सुगम होगा और राज्य की आर्थिक स्थिति मजबूत होगी। उमर अब्दुल्ला ने उम्मीद जताई कि अब वह दिन दूर नहीं जब जम्मू-कश्मीर को फिर से पूर्ण राज्य का दर्जा मिलेगा।
अंत में उन्होंने कहा, कि मनोज सिन्हा जी को प्रमोशन मिला और वह अब उपराज्यपाल हैं, लेकिन मुझे थोड़ी डिमोशन मिली, मैं अब रियासत का नहीं, यूटी का मुख्यमंत्री हूं। माता वैष्णो देवी की कृपा से यह अस्थायी है, अब बदलाव दूर नहीं।