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Jammu News: सड़कों और फुटपाथ पर रेहड़ियों का कब्जा, जाम से लोग परेशान
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जम्मू। शहर में अवैध रेहड़ियों की भरमार है। रेहड़ियां सड़कों और फुटपाथ पर लगने के कारण जाम की समस्या पेश आ रही है। शहरभर में आठ हजार से ज्यादा रेहड़ियां हैं मगर रेहड़ी जोन गांधी नगर और जानीपुर में ही हैं। इस कारण भी रेहड़ियां सड़कों में पार्क हो रही हैं और सामान बेचा जा रहा है। हालत यह है कि दो लेन सड़कों में एक ही लेन वाहनों की आवाजाही के लिए बचती है। इससे लोगों को आवाजाही में परेशानी पेश आती है।
शहर में गांधी नगर में रेहड़ी जोन है मगर शाम के समय लोग सामान खरीदने आते हैं। इस कारण सड़क में वाहन पार्क होते हैं। यहां पर फोर लेन सड़क है मगर कई बार तो सिंगल लेन जगह ही आवाजाही के लिए बचती है। इसी तरह केनाल रोड में हालत यह है कि फल-फूल की रेहड़ियां फुटपाथ में लगाई जा रही हैं। यहां पर तीन किलोमीटर तक फुटपाथ में कई रेहड़ियां हैं। इससे लोगों को फुटपाथ पर चलने की जगह नहीं मिलती है, जिससे वह सड़क पर चलने को मजबूर हैं। इससे यहां कई बार हादसे हो चुके हैं, लेकिन नगर निगम कार्रवाई नहीं कर रहा। इसी तरह बीसी रोड और इंदिरा चौक में भी हाल ऐसा ही है। फुटपाथ के साथ सड़क पर भी रेहड़ियां लग रही हैं। इससे यहां जाम की समस्या पेश आ रही है। हालांकि पुलिस और निगम की टीम भी समय-समय पर कार्रवाई करती है, लेकिन रेहड़ियां फिर अपनी जगह पर लग जाती हैं।
हाउस की बैठक के बाद रेहड़ी जोन चिह्नित नहीं किया गया
जानकारी के अनुसार 4500 रेहड़ी धारकों को नगर निगम ने पंजीकृत किया है। कोविड-19 के बाद पीएम निधि का लाभ दिया जा रहा है। मगर, रेहड़ी जोन के लिए जगह निर्धारित नहीं हो पाई है। रेहड़ी जोन चिह्नित करने के लिए मार्च 2023 में हाउस की बैठक में फैसला लिया गया था। इसमें जून 2023 तक जोन चिह्नित करने थे, लेकिन अभी तक कुछ नहीं हुआ।
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कोट
शहर में रेहड़ी जोन बनाने पर काम चल रहा है। मौजूदा समय में दो ही रेहड़ी जोन हैं। सड़कों के किनारे अवैध रूप से लगने वाली रेहड़ियों को जब्त किया जा रहा है। फिर से अभियान चलाया जाएगा। नियमों को तोड़ने नहीं दिया जाएगा।
- संजय बडयाल, डीसी, रेवेन्यू नगर निगम
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शहर में गांधी नगर में रेहड़ी जोन है मगर शाम के समय लोग सामान खरीदने आते हैं। इस कारण सड़क में वाहन पार्क होते हैं। यहां पर फोर लेन सड़क है मगर कई बार तो सिंगल लेन जगह ही आवाजाही के लिए बचती है। इसी तरह केनाल रोड में हालत यह है कि फल-फूल की रेहड़ियां फुटपाथ में लगाई जा रही हैं। यहां पर तीन किलोमीटर तक फुटपाथ में कई रेहड़ियां हैं। इससे लोगों को फुटपाथ पर चलने की जगह नहीं मिलती है, जिससे वह सड़क पर चलने को मजबूर हैं। इससे यहां कई बार हादसे हो चुके हैं, लेकिन नगर निगम कार्रवाई नहीं कर रहा। इसी तरह बीसी रोड और इंदिरा चौक में भी हाल ऐसा ही है। फुटपाथ के साथ सड़क पर भी रेहड़ियां लग रही हैं। इससे यहां जाम की समस्या पेश आ रही है। हालांकि पुलिस और निगम की टीम भी समय-समय पर कार्रवाई करती है, लेकिन रेहड़ियां फिर अपनी जगह पर लग जाती हैं।
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हाउस की बैठक के बाद रेहड़ी जोन चिह्नित नहीं किया गया
जानकारी के अनुसार 4500 रेहड़ी धारकों को नगर निगम ने पंजीकृत किया है। कोविड-19 के बाद पीएम निधि का लाभ दिया जा रहा है। मगर, रेहड़ी जोन के लिए जगह निर्धारित नहीं हो पाई है। रेहड़ी जोन चिह्नित करने के लिए मार्च 2023 में हाउस की बैठक में फैसला लिया गया था। इसमें जून 2023 तक जोन चिह्नित करने थे, लेकिन अभी तक कुछ नहीं हुआ।
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शहर में रेहड़ी जोन बनाने पर काम चल रहा है। मौजूदा समय में दो ही रेहड़ी जोन हैं। सड़कों के किनारे अवैध रूप से लगने वाली रेहड़ियों को जब्त किया जा रहा है। फिर से अभियान चलाया जाएगा। नियमों को तोड़ने नहीं दिया जाएगा।
- संजय बडयाल, डीसी, रेवेन्यू नगर निगम