एलओसी पर हो सकता है 2013 जैसा हमला!
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एलओसी पर पिछले कुछ दिनों से संदिग्धों के मूवमेंट को देखते हुए सेना ने सतर्कता और बढ़ा दी है। शहर के गंभीर मुगलां और नौशेरा के केरी सेक्टर में सेना को हाई अलर्ट पर रहने के निर्देश जारी किए गए हैं।
सेना को आशंका है कि किसी भी वक्त संघर्ष विराम का उल्लंघन कर आईएसआई आतंकियों की घुसपैठ करा सकता है। सेना ने पाक के किसी भी नापाक हरकत का मुंहतोड़ जवाब देने की पूरी तैयारी कर ली है।
खुफिया एजेंसियों के सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, पिछले कुछ दिनों से गंभीर मुगलां, तरकुंडी, नैक्काजंप गराईं, नौशेरा के लाम, शेर बकरी, कांगा गली आदि क्षेत्रों में नियंत्रण रेखा के उस पार आतंकवादियों की मूवमेंट बढ़ने लगी है। कई स्थानों पर मूवमेंट नोटिस करने के बाद सेना को हाई अलर्ट कर दिया गया है।
आपको बताते चले कि साल 2013 में पाकिस्तानी सेना ने आतंकियों के साथ मिलकर बीएसएफ के दो जवानों को मार कर उनके सिर काट ले गए थे। इस तरह के हमलों को बैट हमला कहा जाता है।
पाकिस्तान की बैट भी हमले की तैयारी में
बुधवार को गोलाबारी की आड़ में सांबा से घुसपैठ का प्रयास विफल होने के बाद अब राजोरी, पुंछ सीमावर्ती जिलों में नियंत्रण रेखा से घुसपैठ के प्रयास हो सकते हैं। चुनाव में खलल डालने के मंसूबों में विफल होने के बाद अब आतंकवादी गणतंत्र दिवस से पहले दहशत फैलाने के प्रयास में हैं।
सूत्रों की मानें तो एलओसी के उस पार 100 से 150 के करीब पाक ट्रेंड आतंकी घुसपैठ के लिए तैयार बैठे हैं। इतना ही नहीं नौशेरा के शेरबकरी, कांगा गली और गंभीर मुगलां के नेक्कापंज गराईं और तरकुंडी इलाकों में नियंत्रण रेखा के उस पार पाकिस्तान की बार्डर एक्शन टीम (बैट) भी हमले की तैयारी में है।
इस संबंध में राजोरी में सेना के एक उच्च अधिकारी ने बताया कि भारतीय सेना ने एलओसी पर अपनी सतर्कता पहले से बढ़ा दी है। रात के समय और सुबह-शाम घना धुंध होने के कारण सेना ने नाइट विजन डिवाइस का प्रयोग कर हर प्रयास का मुंहतोड़ जवाब देने की पूरी तैयारी कर ली है।