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Jammu News: नशे की 'आग' में जल रहे समाज को दिखाया आईना
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- नटरंग के कलाकारों ने रानी पार्क में नाटक का किया मंचन
संवाद न्यूज एजेंसी
जम्मू। नटरंग ने रविवार को रानी पार्क में संडे थिएटर की शृंखला में नाटक 'आग' का मंचन किया। इससे समाज में तेजी से फैल रही नशे की प्रवृत्ति के गंभीर दुष्परिणामों को मार्मिक ढंग से दर्शाते हुए युवाओं को इससे दूर रहने का संदेश दिया गया।
नाटक जम्मू-कश्मीर में चल रहे 100 दिवसीय नशा मुक्त अभियान को समर्पित रहा। यह किसी एक कहानी पर आधारित नहीं था बल्कि एक प्रयोग के तौर पर नाटककार ने कई कहानियों को एक ही थीम में पिरोया। इससे समाज को आईना दिखाया गया कि किस तरह नशा आग की तरह फैलकर युवाओं, परिवारों और पूरे समाज को अपनी चपेट में ले रहा है।
एक प्रसंग में एक युवा लड़के को कॉलेज में दाखिले के बाद अच्छी संगत के लिए संघर्ष करते हुए दिखाया गया। नशा न करने की वजह से लड़के को अकेला कर दिया गया। उसके आसपास के सभी लोग उसके साथ बच्चे जैसा व्यवहार करते हैं। इससे वह बहुत परेशान हो जाता है। यह साबित करने के लिए कि वह अब बड़ा हो गया है, आसान रास्ता ढूंढता है और तरह-तरह के नशे करके अपनी जवानी साबित करता है। गलत संगत के दबाव में आकर वह नशे की दलदल में धंसता चला जाता है।
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दूसरे प्रसंग में एक ग्रामीण इलाके, खासकर पुरुषों को शराब की लत में डूबा हुआ दिखाया गया। गांव की सभी परेशानियां जैसे गरीबी, घरेलू हिंसा और बीमारियां गांव में शराब की बढ़ती खपत से जुड़ी हैं। इसमें एक गांव वाले की दिनचर्या दिखाई गई जो अपनी पूरी कमाई शराब पर खर्च कर देता है। नशे में धुत वह घर का रास्ता भूल जाता है। एक स्थानीय उसे उसके घर पहुंचाता है। आधी रात वह नशे में धुत आदमी अपनी सोई हुई पत्नी और बच्चों को उसके आने पर स्वागत न करने के लिए पीटना शुरू कर देता है। जब दूसरा व्यक्ति उस गरीब औरत और बच्चों को बचाने के लिए बीच-बचाव करता है तो उस पर पत्नी के प्रति बुरी नीयत रखने का आरोप लगाया जाता है। यह झगड़ा तब और बढ़ जाता है जब नशे में धुत आदमी होश खोकर घर का सामान भी तोड़ देता है। यह नाटक कई ऐसी घटनाओं को दिखाता है जहां ड्रग्स, शराब और अन्य नशीली चीजों से प्रभावित लोग अपने और दूसरों के जीवन को नरक बना देते हैं। नटरंग के निदेशक बलवंत ठाकुर ने बताया कि रंगमंच समाज को जागरूक करने और सकारात्मक बदलाव लाने का सबसे प्रभावी माध्यम है। नाटक में नीरज कांत, महिक्षित सिंह, आदेश धर, विशाल शर्मा, आकाश वाधवान, आर्यन शर्मा, कुशल भट्ट और कननप्रीत कौर ने प्रभावशाली अभिनय किया।
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संवाद न्यूज एजेंसी
जम्मू। नटरंग ने रविवार को रानी पार्क में संडे थिएटर की शृंखला में नाटक 'आग' का मंचन किया। इससे समाज में तेजी से फैल रही नशे की प्रवृत्ति के गंभीर दुष्परिणामों को मार्मिक ढंग से दर्शाते हुए युवाओं को इससे दूर रहने का संदेश दिया गया।
नाटक जम्मू-कश्मीर में चल रहे 100 दिवसीय नशा मुक्त अभियान को समर्पित रहा। यह किसी एक कहानी पर आधारित नहीं था बल्कि एक प्रयोग के तौर पर नाटककार ने कई कहानियों को एक ही थीम में पिरोया। इससे समाज को आईना दिखाया गया कि किस तरह नशा आग की तरह फैलकर युवाओं, परिवारों और पूरे समाज को अपनी चपेट में ले रहा है।
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एक प्रसंग में एक युवा लड़के को कॉलेज में दाखिले के बाद अच्छी संगत के लिए संघर्ष करते हुए दिखाया गया। नशा न करने की वजह से लड़के को अकेला कर दिया गया। उसके आसपास के सभी लोग उसके साथ बच्चे जैसा व्यवहार करते हैं। इससे वह बहुत परेशान हो जाता है। यह साबित करने के लिए कि वह अब बड़ा हो गया है, आसान रास्ता ढूंढता है और तरह-तरह के नशे करके अपनी जवानी साबित करता है। गलत संगत के दबाव में आकर वह नशे की दलदल में धंसता चला जाता है।
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दूसरे प्रसंग में एक ग्रामीण इलाके, खासकर पुरुषों को शराब की लत में डूबा हुआ दिखाया गया। गांव की सभी परेशानियां जैसे गरीबी, घरेलू हिंसा और बीमारियां गांव में शराब की बढ़ती खपत से जुड़ी हैं। इसमें एक गांव वाले की दिनचर्या दिखाई गई जो अपनी पूरी कमाई शराब पर खर्च कर देता है। नशे में धुत वह घर का रास्ता भूल जाता है। एक स्थानीय उसे उसके घर पहुंचाता है। आधी रात वह नशे में धुत आदमी अपनी सोई हुई पत्नी और बच्चों को उसके आने पर स्वागत न करने के लिए पीटना शुरू कर देता है। जब दूसरा व्यक्ति उस गरीब औरत और बच्चों को बचाने के लिए बीच-बचाव करता है तो उस पर पत्नी के प्रति बुरी नीयत रखने का आरोप लगाया जाता है। यह झगड़ा तब और बढ़ जाता है जब नशे में धुत आदमी होश खोकर घर का सामान भी तोड़ देता है। यह नाटक कई ऐसी घटनाओं को दिखाता है जहां ड्रग्स, शराब और अन्य नशीली चीजों से प्रभावित लोग अपने और दूसरों के जीवन को नरक बना देते हैं। नटरंग के निदेशक बलवंत ठाकुर ने बताया कि रंगमंच समाज को जागरूक करने और सकारात्मक बदलाव लाने का सबसे प्रभावी माध्यम है। नाटक में नीरज कांत, महिक्षित सिंह, आदेश धर, विशाल शर्मा, आकाश वाधवान, आर्यन शर्मा, कुशल भट्ट और कननप्रीत कौर ने प्रभावशाली अभिनय किया।