{"_id":"690e4f187c4612c1b907b4cd","slug":"srinagar-highcourt-cancel-petition-women-applicant-srinagar-news-c-264-1-sr31001-107372-2025-11-08","type":"story","status":"publish","title_hn":"Jammu News: हाईकोर्ट ने महिला बंदी की पीएसए आदेश के खिलाफ याचिका खारिज की, फैसला बरकरार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Jammu News: हाईकोर्ट ने महिला बंदी की पीएसए आदेश के खिलाफ याचिका खारिज की, फैसला बरकरार
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
श्रीनगर। जम्मू-कश्मीर और लद्दाख हाईकोर्ट ने सिंगल बेंच के एक फैसले को बरकरार रखते हुए एक महिला की पब्लिक सेफ्टी एक्ट (पीएसए) के तहत हिरासत को चुनौती देने वाली याचिका खारिज कर दी।
महिला आतंकी मुसैब लखवी की कथित निकट संपर्क है जो पाकिस्तानी आतंकी और लश्कर-ए-तैयबा के सह-संस्थापक जकीउर रहमान लखवी का भतीजा है। लखवी 2008 मुंबई हमलों का मुख्य साजिशकर्ता और वैश्विक आतंकी घोषित है। हिरासत के आधारों के अनुसार, महिला शाइस्ता मकबूल आतंकी मुसैब लखवी के साथ निकट संपर्क में थी जो 2016 से 2018 तक बांदीपोरा के हाजिन क्षेत्र में सक्रिय रहा और इलाके में कई आतंकी गतिविधियां अंजाम दीं।
अधिकारियों के अनुसार शाइस्ता ने जम्मू-कश्मीर केंद्रशासित प्रदेश में वर्तमान में सक्रिय विभिन्न स्थानीय एवं विदेशी आतंकियों से संपर्क स्थापित किए और आतंकियों द्वारा उसे छोटी बहन जैसे छद्म नाम दिए गए। हिरासत के आधारों में आगे आरोप है कि उसने पाकिस्तान आधारित हैंडलरों अबू जहरान और अबू हंस से संपर्क स्थापित किया तथा विभिन्न सोशल मीडिया एन्क्रिप्टेड एप्लिकेशनों के माध्यम से राजनीतिक नेताओं एवं अन्य संरक्षित व्यक्तियों की गतिविधियों की जानकारी इन हैंडलरों को प्रदान की।
विज्ञापन
विज्ञापन
श्रीनगर। जम्मू-कश्मीर और लद्दाख हाईकोर्ट ने सिंगल बेंच के एक फैसले को बरकरार रखते हुए एक महिला की पब्लिक सेफ्टी एक्ट (पीएसए) के तहत हिरासत को चुनौती देने वाली याचिका खारिज कर दी।
महिला आतंकी मुसैब लखवी की कथित निकट संपर्क है जो पाकिस्तानी आतंकी और लश्कर-ए-तैयबा के सह-संस्थापक जकीउर रहमान लखवी का भतीजा है। लखवी 2008 मुंबई हमलों का मुख्य साजिशकर्ता और वैश्विक आतंकी घोषित है। हिरासत के आधारों के अनुसार, महिला शाइस्ता मकबूल आतंकी मुसैब लखवी के साथ निकट संपर्क में थी जो 2016 से 2018 तक बांदीपोरा के हाजिन क्षेत्र में सक्रिय रहा और इलाके में कई आतंकी गतिविधियां अंजाम दीं।
विज्ञापन
अधिकारियों के अनुसार शाइस्ता ने जम्मू-कश्मीर केंद्रशासित प्रदेश में वर्तमान में सक्रिय विभिन्न स्थानीय एवं विदेशी आतंकियों से संपर्क स्थापित किए और आतंकियों द्वारा उसे छोटी बहन जैसे छद्म नाम दिए गए। हिरासत के आधारों में आगे आरोप है कि उसने पाकिस्तान आधारित हैंडलरों अबू जहरान और अबू हंस से संपर्क स्थापित किया तथा विभिन्न सोशल मीडिया एन्क्रिप्टेड एप्लिकेशनों के माध्यम से राजनीतिक नेताओं एवं अन्य संरक्षित व्यक्तियों की गतिविधियों की जानकारी इन हैंडलरों को प्रदान की।
विज्ञापन