घाटी में पैठ बढ़ाने की कोशिश में जैश-ए-मोहम्मद, डेढ़ माह में तीन हमले को दिया अंजाम
घाटी में सेना के ऑपरेशन ऑल आउट के तहत 156 से अधिक आतंकियों को मार गिराए जाने के बीच जैश-ए-मोहम्मद लगातार पैठ बनाने की कोशिशों में जुटा हुआ है। डेढ़ महीने के दौरान इस संगठन ने लगातार तीन हमलों को अंजाम दिया। पुलवामा जिला पुलिस लाइन में हमले के बाद अब हाई सिक्योरिटी जोन में श्रीनगर एयरपोर्ट के पास बीएसएफ कैंप पर हमला किया गया।
हालांकि पिछले महीने एलओसी पर कलगेई सेना कैंप पर हमले के लिए आए जैश के चार फिदायीनों को ढेर करने के साथ सेना ने उड़ी जैसे हमले को नाकाम करने में सफलता पाई थी।सुरक्षा एजेंसियों का कहना है कि पिछले कुछ महीनों से लश्कर तथा हिजबुल के आतंकियों के मार गिराए जाने से पाक में बैठे आकाओं ने बौखलाहट में जैश को हमले की जिम्मेदारी सौंपी है।
एक के बाद एक आतंकी सरगनाओं के ढेर होने से घाटी में मंद पड़ते आतंकवाद को धार देने के लिए ही जैश को लगाया गया है, जिन्हें फिदायीन हमलों में महारत है। दक्षिणी कश्मीर, उत्तरी कश्मीर के बाद अब मध्य कश्मीर को निशाना बनाया है।इसके पीछे आतंकियों की मौजूदगी दर्ज कराने के साथ ही सुरक्षा बलों को अधिक से अधिक नुकसान पहुंचाना भी मंशा बताई जा रही है।
सूत्रों का कहना है कि दक्षिणी कश्मीर में जैश के दो ग्रुप सक्रिय होने के इनपुट मिले हैं। ये संगठन में भर्ती के लिए युवाओं को भी बरगला रहे हैं। सुरक्षा बलों की ताबड़तोड़ कार्रवाई से अब लश्कर तथा हिजबुल से जुड़े आतंकियों ने अपनी गतिविधियां कम कर दी हैं। सब सुरक्षित स्थानों पर चले गए हैं। इसके साथ ही इन संगठनों के मददगार तथा ओजीडब्ल्यू भी अंडरग्राउंड हो गए हैं। ऐसे में अपनी साजिश को झटका पहुंचता देख पाकिस्तान ने जैश को आगे किया है।
अफजल गुरु स्क्वायड का हाथ
पिछले दिनों पुलवामा पुलिस लाइन में हुए हमले में जैश के अफजल गुरु स्क्वायड का नाम सामने आया था। पुलिस लाइन की दीवार पर खून से एजीएस लिखा हुआ था। श्रीनगर हमले में भी अफजल गुरु स्क्वायड का नाम सामने आ रहा है।
हालांकि, अभी इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। पिछले साल उड़ी सैन्य कैंप पर हुए हमले में भी इसी का हाथ था। मारे गए आतंकियों के पिट्ठू बैग पर एजीएस लिखा हुआ था।
जैश के मुख्य हमले
26 अगस्त 2017 : पुलवामा पुलिस लाइन पर हमला, आठ जवान शहीद
24 सितंबर 2017 : कलगेई कैंप पर उड़ी जैसा फिदायीन हमला नाकाम, चार आतंकी ढेर
03 अक्टूबर 2017 : श्रीनगर के हाई सिक्योरिटी जोन में बीएसएफ कैंप पर हमला
18 सितंबर 2016 : उड़ी कैंप पर हमला, 18 जवान शहीद