जम्मू कश्मीर: कश्मीर मुद्दे पर पाक पीएम शहबाज को गुलाम नबी की नसीहत, पहले अपना घर संभालो
गुलाम नबी ने कांग्रेस और स्थानीय पार्टियों पर निशाना साधते हुए कहा कि ये पार्टियों कुछ भी हासिल करने से कोसों दूर हैं। साथ ही उन्होंने केंद्र सरकार से विधानसभा चुनाव के तुरंत बाद राज्य का दर्जा बहाल करने की अपील की है।
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पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ के कश्मीर दिए बयान पर डेमोक्रेटिक प्रोग्रेसिव आजाद पार्टी (डीपीएपी) सुप्रीमो गुलाम नबी आजाद ने कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त की है। उन्होंने सोमवार अनंतनाग में आयोजित रैली में पाकिस्तान के प्रधानमंत्री को अपने घर को संभालने की सलाह दी है।
साथ ही कांग्रेस और स्थानीय पार्टियों पर निशाना साधते हुए कहा कि ये पार्टियों कुछ भी हासिल करने से कोसों दूर हैं। साथ ही उन्होंने केंद्र सरकार से विधानसभा चुनाव के तुरंत बाद राज्य का दर्जा बहाल करने की अपील की है।
शहबाज को रविवार को दूसरी बार पाकिस्तान का प्रधानमंत्री चुना गया। इसके बाद उन्होंने कहा कि नेशनल असेंबली को कश्मीर की आजादी के लिए एक नियम पारित करना चाहिए। सोमवार को आजाद ने अनंतनाग में आयोजित रैली में इस बयान पर तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त की है।
उन्होंने कहा कि शाहबाज से एकमात्र अपेक्षा और अनुरोध है कि उन्हें इधर-उधर नहीं देखना चाहिए, बल्कि उन्हें अपने घर (पाकिस्तान) पर ध्यान केंद्रित करना चाहिए। राजनीति करने के बजाय लोगों की बुनियादी जरूरतों को पूरा करें। ऐसे बयानों से उन्हें कोई फायदा नहीं होगा।
आजाद ने गठबंधन की खबरों को किया खारिज
पूर्व मुख्यमंत्री और डीपीएपी अध्यक्ष गुलाम नबी आजाद ने ऐशमुकाम अनंतनाग में एक सार्वजनिक सभा को संबोधित किया। इस दौरान उन खबरों को खारिज कर दिया कि वह किसी गठबंधन का हिस्सा होंगे। कहा कि वह संसदीय चुनाव अकेले लड़ेंगे। कांग्रेस और स्थानीय पार्टियों पर हमला बोलते हुए आजाद ने कहा कि ये पार्टियां कुछ भी हासिल करने से कोसों दूर हैं और पिछले 70 वर्षों में उन्होंने जो हासिल किया था उसे खो दिया है।
जो स्थानीय सरकार नहीं कर सकी उन कार्यों को पूरा करें
गुलाम नबी आजाद ने कहा कि केंद्र शासित प्रदेश में विधानसभा चुनाव होने के तुरंत बाद जम्मू-कश्मीर को राज्य का दर्जा बहाल किया जाना चाहिए। प्रधानमंत्री और गृह मंत्री ने संसद में जम्मू-कश्मीर को राज्य का दर्जा बहाल करने का वादा किया है। प्रधानमंत्री के कश्मीर दौरे में देरी हुई है। पीएम से अनुरोध है कि वह उन कार्यों को पूरा करें जो स्थानीय सरकार नहीं कर सकी।
चार हजार मेगावाट के दो थर्मल प्लांट जम्मू और कश्मीर स्थापित करें, ताकि यहां बिजली की कोई कमी न हो। आजाद ने कहा कि स्टार्टअप के लिए मोदी के पसंदीदा कार्यक्रम के लिए बिजली बुनियादी जरूरत है। प्रदेश में बेरोजगारी और बिजली प्रमुख समस्या है, जिसे दूर किया जाए।