{"_id":"6887d2c2d50677b83509e6e7","slug":"protests-over-inaccurate-portrayal-of-irans-supreme-leader-srinagar-news-c-264-1-sr11002-104658-2025-07-29","type":"story","status":"publish","title_hn":"Jammu News: ईरान के सर्वोच्च नेता के गलत चित्रण पर विरोध-प्रदर्शन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Jammu News: ईरान के सर्वोच्च नेता के गलत चित्रण पर विरोध-प्रदर्शन
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
''ऑल जम्मू एंड कश्मीर शिया एसोसिएशन'' के सदस्यों ने सोमवार को श्रीनगर की प्रेस कॉलोनी में एक शांतिपूर्ण विरोध-प्रदर्शन किया और इस्लामी गणतंत्र ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला सैय्यद अली ख़ामेनेई के खिलाफ कई राष्ट्रीय समाचार चैनलों द्वारा की गई झूठी, अपमानजनक और भड़काऊ रिपोर्टिंग की निंदा की।
प्रमुख मौलवियों और समुदाय के सदस्यों के नेतृत्व में प्रदर्शनकारियों ने हाल ही में प्रकाशित उस सामग्री पर गहरा रोष व्यक्त किया, जिसमें उन्होंने आरोप लगाया था कि सर्वोच्च नेता का गलत चित्रण किया गया है। इससे दुनिया भर के शिया मुसलमानों की धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंची है। पत्रकारों से बात करते हुए एक प्रमुख मौलवी ने कहा, ''राष्ट्रीय मीडिया द्वारा हमारे सर्वोच्च नेता का चित्रण न केवल भ्रामक है बल्कि धार्मिक भावनाओं को भड़काने और आहत करने का एक जानबूझकर किया गया प्रयास भी है। ऐसी पत्रकारिता गैर-ज़िम्मेदाराना और अस्वीकार्य है।''''
एसोसिएशन ने मानहानि और जानबूझकर गलत सूचना फैलाने का हवाला देते हुए संबंधित मीडिया संस्थानों को कानूनी नोटिस भेजने की अपनी मंशा की घोषणा की। एसोसिएशन ने औपचारिक रूप से माफ़ी मांगने और सभी प्लेटफार्मों से आपत्तिजनक सामग्री को तुरंत हटाने की भी मांग की। प्रदर्शनकारियों ने नैतिक पत्रकारिता के महत्व पर ज़ोर दिया और मीडिया संस्थानों से सनसनीखेज प्रचार से बचने का आह्वान किया जिससे सांप्रदायिक दरार और गहरी हो सकती है। गौरतलब है कि उन्होंने चेतावनी दी कि धार्मिक हस्तियों से संबंधित कवरेज में निरंतर असंवेदनशीलता अशांति पैदा कर सकती है और समुदायों को और अलग-थलग कर सकती है। अपने धार्मिक नेतृत्व के बचाव में नारे लगाते हुए प्रतिभागियों ने नियामक अधिकारियों से राष्ट्रीय मीडिया द्वारा भड़काऊ कवरेज की बढ़ती प्रवृत्ति पर ध्यान देने और सख्त जवाबदेही उपायों को लागू करने का आग्रह किया।
विज्ञापन
विज्ञापन
प्रमुख मौलवियों और समुदाय के सदस्यों के नेतृत्व में प्रदर्शनकारियों ने हाल ही में प्रकाशित उस सामग्री पर गहरा रोष व्यक्त किया, जिसमें उन्होंने आरोप लगाया था कि सर्वोच्च नेता का गलत चित्रण किया गया है। इससे दुनिया भर के शिया मुसलमानों की धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंची है। पत्रकारों से बात करते हुए एक प्रमुख मौलवी ने कहा, ''राष्ट्रीय मीडिया द्वारा हमारे सर्वोच्च नेता का चित्रण न केवल भ्रामक है बल्कि धार्मिक भावनाओं को भड़काने और आहत करने का एक जानबूझकर किया गया प्रयास भी है। ऐसी पत्रकारिता गैर-ज़िम्मेदाराना और अस्वीकार्य है।''''
विज्ञापन
एसोसिएशन ने मानहानि और जानबूझकर गलत सूचना फैलाने का हवाला देते हुए संबंधित मीडिया संस्थानों को कानूनी नोटिस भेजने की अपनी मंशा की घोषणा की। एसोसिएशन ने औपचारिक रूप से माफ़ी मांगने और सभी प्लेटफार्मों से आपत्तिजनक सामग्री को तुरंत हटाने की भी मांग की। प्रदर्शनकारियों ने नैतिक पत्रकारिता के महत्व पर ज़ोर दिया और मीडिया संस्थानों से सनसनीखेज प्रचार से बचने का आह्वान किया जिससे सांप्रदायिक दरार और गहरी हो सकती है। गौरतलब है कि उन्होंने चेतावनी दी कि धार्मिक हस्तियों से संबंधित कवरेज में निरंतर असंवेदनशीलता अशांति पैदा कर सकती है और समुदायों को और अलग-थलग कर सकती है। अपने धार्मिक नेतृत्व के बचाव में नारे लगाते हुए प्रतिभागियों ने नियामक अधिकारियों से राष्ट्रीय मीडिया द्वारा भड़काऊ कवरेज की बढ़ती प्रवृत्ति पर ध्यान देने और सख्त जवाबदेही उपायों को लागू करने का आग्रह किया।
विज्ञापन