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Jammu News: पीएम के नाम पत्र भेजने भाजपा कार्यालय पहुंचे कर्मी
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जम्मू। पीएम पैकेज के कर्मचारियों ने शुक्रवार को भाजपा कार्यालय के बाहर प्रदर्शन किया। इस दौरान कहा कि भाजपा नेताओं के माध्यम से वह अपना पत्र प्रधानमंत्री को भेजने आए हैं, ताकि प्रधानमंत्री उनकी आवाज को सुनें और स्थानांतरण नीति तैयार की जा सके।
प्रदर्शनकारियों ने कहा कि विगत कई महीनों से स्थानांतरण नीति को लागू करने की मांग कर रहे हैं। लेकिन मांगों को सुनने के बजाय उनका वेतन बंद कर दिया गया है। कर्मचारियों के अनुसार कश्मीर में लगातार लक्षित हत्याएं हो रही हैं। इस परिस्थिति में वहां नहीं जा सकते हैं।
उन्होंने कहा कि इससे पहले भी कई कर्मचारी सेवाएं देने गए। लेकिन लौट नहीं पाए। वहां पहचान कर गोलियां बरसाई जाती हैं। प्रशासन इस बात को समझने में विफल है। सुरक्षा का आश्वासन झूठा साबित हुआ। जमीनी स्तर पर कोई भी काम नहीं हो पाया है। ठंड में दफ्तरों के बाहर प्रदर्शन करने के लिए मजबूर हैं।
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संवेदनाएं प्रकट करने से नहीं लाभ, ठोस उपाय करे प्रशासन
कर्मचारियों ने कहा कि प्रशासन तक हमारी बात पहुंचे तो वह गौर करे। अगर बिगड़े हालात में कश्मीर जाते हैं, तो वहां जान भी जा सकती है। फिर उपराज्यपाल और प्रशासन परिजनों के साथ संवेदनाएं प्रकट करेंगे। लेकिन, इससे कोई लाभ नहीं होगा। इन सभी बातों को ध्यान में रखते हुए कोई ठोस उपाय किया जाए।
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प्रदर्शनकारियों ने कहा कि विगत कई महीनों से स्थानांतरण नीति को लागू करने की मांग कर रहे हैं। लेकिन मांगों को सुनने के बजाय उनका वेतन बंद कर दिया गया है। कर्मचारियों के अनुसार कश्मीर में लगातार लक्षित हत्याएं हो रही हैं। इस परिस्थिति में वहां नहीं जा सकते हैं।
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उन्होंने कहा कि इससे पहले भी कई कर्मचारी सेवाएं देने गए। लेकिन लौट नहीं पाए। वहां पहचान कर गोलियां बरसाई जाती हैं। प्रशासन इस बात को समझने में विफल है। सुरक्षा का आश्वासन झूठा साबित हुआ। जमीनी स्तर पर कोई भी काम नहीं हो पाया है। ठंड में दफ्तरों के बाहर प्रदर्शन करने के लिए मजबूर हैं।
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संवेदनाएं प्रकट करने से नहीं लाभ, ठोस उपाय करे प्रशासन
कर्मचारियों ने कहा कि प्रशासन तक हमारी बात पहुंचे तो वह गौर करे। अगर बिगड़े हालात में कश्मीर जाते हैं, तो वहां जान भी जा सकती है। फिर उपराज्यपाल और प्रशासन परिजनों के साथ संवेदनाएं प्रकट करेंगे। लेकिन, इससे कोई लाभ नहीं होगा। इन सभी बातों को ध्यान में रखते हुए कोई ठोस उपाय किया जाए।