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14 माह से रिक्त है वार्ड पंच के पंच की सीट
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अरनिया। हल्का करेयाल खुर्द में चौदह माह से पंच का पद रिक्त है। ऐसे में वार्ड-पांच में कई विकास कार्य प्रभावित हो रहे हैं। स्थानीय लोगों के अनुसार पंचायती राज एक्ट के तहत हर वार्ड के विकास के लिए लोगों द्वारा पंचों को चुना जाता है। ताकि वो वार्ड में समय-समय पर लोगों की सहमति से अच्छा विकास करा सकें। मगर वार्ड में पंच का स्थान रिक्त होने से विकास कार्य कराने में कई दिक्कतें आ रही हैं।
उल्लेखनीय है कि 13 दिसंबर 2020 में हुए डीडीसी चुनाव में इसी पंचायत की वार्ड-पांच की पंच कुमारी सुरेखा भगत ने 22 दिसंबर को नतीजे आने के बाद जीत दर्ज की। तब से इस वार्ड में पंच का स्थान रिक्त है। स्थानीय लोगों के अनुसार साल से भी अधिक समय गुजर जाने के बाद भी अभी तक इस पद को भरने के लिए न तो कोई प्रयास किया गया और न ही चुनाव कराने का आदेश जारी किया गया। नए सिरे से चुनाव कराने से बेहतर यही होगा कि उस चुनाव के उप विजेता को ही पंच की उपाधि से नवाजा जाए। ताकि विकास कार्य में तेजी लाई जा सके। इससे न सिर्फ सरकारी पैसों की बचत होगी, बल्कि लोगों का समय भी नष्ट नहीं होगा।
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यह आदेश राज्य चुनाव आयोग की तरफ से जारी किया जाता है, जिसे बाय इलेक्शन भी कहा जाता है। जो अभी तक जारी नहीं किया गया है। हमारे पास आदेश आते ही संबंधित पंचायत के प्रतिनिधियों को सूचित कर दिया जाएगा।
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-रजनी बाला, खंड विकास अधिकारी, अरनिया
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उल्लेखनीय है कि 13 दिसंबर 2020 में हुए डीडीसी चुनाव में इसी पंचायत की वार्ड-पांच की पंच कुमारी सुरेखा भगत ने 22 दिसंबर को नतीजे आने के बाद जीत दर्ज की। तब से इस वार्ड में पंच का स्थान रिक्त है। स्थानीय लोगों के अनुसार साल से भी अधिक समय गुजर जाने के बाद भी अभी तक इस पद को भरने के लिए न तो कोई प्रयास किया गया और न ही चुनाव कराने का आदेश जारी किया गया। नए सिरे से चुनाव कराने से बेहतर यही होगा कि उस चुनाव के उप विजेता को ही पंच की उपाधि से नवाजा जाए। ताकि विकास कार्य में तेजी लाई जा सके। इससे न सिर्फ सरकारी पैसों की बचत होगी, बल्कि लोगों का समय भी नष्ट नहीं होगा।
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यह आदेश राज्य चुनाव आयोग की तरफ से जारी किया जाता है, जिसे बाय इलेक्शन भी कहा जाता है। जो अभी तक जारी नहीं किया गया है। हमारे पास आदेश आते ही संबंधित पंचायत के प्रतिनिधियों को सूचित कर दिया जाएगा।
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-रजनी बाला, खंड विकास अधिकारी, अरनिया